महराजगंज। पति और संतान की लंबी आयु एवं घर परिवार में सुख-संपदा की कामना लिए सोमवार को सोमवती अमावस्या का व्रत मनाया गया, जहां महिलाओं ने व्रत कर पीपल वृक्ष के नीचे विशेष पूजा की। घर में भी तुलसी पौधों के समक्ष पूजा पाठ कर सदा सुहागन का आशीर्वाद मांगा। माना जाता है कि महिलाएं वासुदेव (पीपल का वृक्ष) को विष्णु स्वरूप मानकर 108 बार परिक्रमा करती हैं। जिनके घर नजदीक पीपल का वृक्ष नहीं है वे महिलाएं अपने ही घर में लगे तुलसी के पौधों के पास शालीग्राम रखकर पूजन अर्चन के बाद कोई भी प्रिय वस्तु या फल लेकर तुलसी की परिक्रमा करती है। माताएं अपने पति, पुत्र के दीर्घायु के लिए यह व्रत रहकर पीपल के वृक्ष व तुलसी के पौधे पर शालीग्राम रखकर फेरे लेती है। पंडित दिवाकर मणि ने बताया कि सोमवती अमावस्या को स्नान, दान और पूजा-पाठ से विशेष पुण्य की प्राप्ति होती है। संवाद