नौतनवा (महराजगंज)। सास, ननद और ननदोई की प्रताड़ना से तंग आकर कस्बे के विष्णुपुरी मोहल्ले में 35 साल की कुसुम ने मंगलवार दोपहर आत्मदाह कर लिया। महिला ने पहले स्थानीय पुलिस को फोन कर आत्मदाह करने की बात भी बता दी, पर पता नहीं बताया। पुलिस ने सर्विलांस की मदद से उसके घर का पता लगाया और आधे घंटे के भीतर वहां पहुंच गई, मगर तब तक वह खुद को आग लगा चुकी थी। पुलिस वालों ने दरवाजा तोड़कर उसे अस्पताल पहुंचाया, लेकिन उसकी मौत हो चुकी थी। फिलहाल इस मामले में पुलिस को कोई तहरीर नहीं मिली है।
जानकारी के मुताबिक, नौतनवा कस्बे के विष्णुपुरी मोहल्ला निवासी किशोर राजभर निजी बस चालक हैं। मंगलवार को वह काम पर चले गए। पत्नी कुसुम घर पर अकेली थी। दो बेटे स्कूल गए थे। महिला की सास उससे अलग पास के ही एक घर में रहती हैं। बताया जा रहा है कि दोनों के बीच अक्सर कहासुनी होती रहती थी। मंगलवार सुबह भी किसी बात पर कहासुनी हुई, जिसके बाद गुस्से में कुसुम ने आत्मदाह का फैसला कर लिया। दोपहर करीब 12 बजे कुसुम ने स्थानीय पुलिस चौकी पर फोन किया और कहा.. मैं आत्मदाह करने जा रही हूं। यह कह कर उसने फोन काट दिया। पुलिस ने दोबारा कॉल किया तो उसका फोन बंद आने लगा। इस पर पुलिस सिक्रय हो गई। उसने तत्काल उस नंबर को सर्विलांस पर लगाया और नौतनवा कस्बे के वार्ड नंबर 9 उस्मान नगर पहुंच गई। उसके घर के पास गाड़ी नहीं जा सकती थी तो पुलिस दौड़ते हुए उसके घर पहुंची। दरवाजा अंदर से बंद था। पुलिस ने परदा हटाकर देखा तो वह जल रही थी। पुलिस दरवाजा तोड़ कर अंदर घुसी और आग बुझाकर चादर में लपेटकर उसे चारपाई पर लादकर दौड़ते हुए गाड़ी तक पहुंची और सीएचसी रतनपुर पहुंचाया। वहां हालत गंभीर देख चिकित्सकों ने उसे जिला अस्पताल रेफर कर दिया। पुलिस उसे जिला अस्पताल ले गई, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी।
अपर पुलिस अधीक्षक आतिश कुमार सिंह ने बताया कि पारिवारिक कलह से महिला ने घर के अंदर आग लगा ली, जिसकी जिला अस्पताल में मौत हो गई। एक पत्र मिला है, जिसमें कलह का कारण उसकी सास और ननद और ननदोई हैं। पति और बच्चों पर कोई आरोप नहीं लगाया है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है ।