जेल में बंद एरिक शुक्रवार सुबह की शुरूआत ईश्वर की प्रार्थना करके की। आध्यात्मिक गुरुओं की तरह से आचरण होने के कारण यह आम बंदियों से इनका व्यवहार अलग हैं। जेल मैलुअल के अनुसार इनको पूरी सुविधा दी जा रही है। जेल प्रशासन ने फलाहार आदि का प्रबंध किया है। शुक्रवार सुबह दुध, केला, उबला आलू खाकर एरिक ने वक्त गुजारा। शांत होकर वह हर किसी की बात को सुनते हैं। जेल में आने के पहले दिन वह पूरी रात ठीक ढंग से सो नहीं सके।
क्या है पूरा मामला
बीते 28 मार्च की रात में सोनौली के रास्ते नेपाल जाने के दौरान अमेरिकी नागरिक ऐरिक को आव्रजन अधिकारियों ने पकड़ा था। वीजा की जांच की तो पता चला कि वीजा जुलाई 2019 में ही समाप्त हो गया है और वीजा में छेड़छाड़ किया गया है। वह कूट रचित वीजा दिखाकर अपना काम चलाता रहा। भारत के आध्यात्मिक गुरुओं की शरण में ईश्वर की प्राप्ति का मार्ग ढूंढ़ रहा था, लेकिन उसके मन को शांति नहीं मिली। उसने नेपाल जाने का इरादा बनाया तो गिरफ्तार हो गया।
जेल बंद अमेरिकी नागरिक को नियम के अनुसार पूरी सुविधा दी जा रही है। एरिक आध्यात्मिक प्रवृति के हैं। ज्यादातर समय वह पूजा पाठ कर गुजारते हैं। -प्रभात सिंह, जेल अधीक्षक