महराजगंज। आंबेडकर जनमोर्चा के संयोजक और पूर्व बीएसपी नेता श्रवण कुमार निराला पर बीएसपी के पूर्व नेताओं ने गंभीर आरोप लगाए हैं। आरोप है कि श्रवण ने बसपा में गोरखपुर मंडल के मुख्य जोनल कोऑर्डिनेटर के रूप में संगठन का कार्य करते हुए पद दिलाने के नाम पर मोटी रकम वसूला था।
महराजगंज के महेंद्र कुमार चौधरी ने आरोप लगाया कि बसपा के एक बड़े नेता के साथ उनकी मुलाकात श्रवण कुमार निराला से गोरखपुर में हुई थी। उस दौरान वह बोला कि आप क्यों परेशान हैं, पार्टी में अच्छा पद दिला देंगे, जब आप खुद बड़े पदाधिकारी बन जाएंगे तो अगली बार विधानसभा 2022 के चुनाव में टिकट का वितरण करिएगा, जिससे कम दिनों में जल्द प्रदेश स्तर पर पहुंच जाएंगे।
वहीं धर्मेंद्र भारती का आरोप है कि जिलाध्यक्ष बनाने के लिए श्रवण ने मुझसे एक लाख रुपये लिया था। काफी समय बीतने के बाद पद नहीं मिला तो हमने रकम की मांग की तो वह बोला कि जिंदगी अभी खत्म नहीं हुई। संगठन में ऐसे मुकाम पर पहुंचा दूंगा फिर आपके पास लग्जरी गाड़ियां होंगी।
पन्ने लाल का आरोप है कि जिला प्रभारी पद के लिए उसने मुझसे दो बार में 70 हजार रुपये ले लिया था। जब हमें पद नहीं मिला तो हमने मंडल स्तर की बैठक में शिकायत की, लेकिन बीएसपी में बड़े ओहदे पर रहने के कारण श्रवण कुमार निराला का कुछ नहीं हुआ। पार्टी में मुझे काम करना था। इसलिए हमने कहीं शिकायत नहीं की।
अश्विनी का आरोप है कि विधानसभा अध्यक्ष पद के लिए हमने उसे 40 हजार रुपये दिया था, लेकिन मुझे पद नहीं मिला। दिए गए रकम की मांग करने पर आनाकानी करने लगा। अगली बार बड़े पद की जिम्मेदारी की बात कहकर पल्ला झाड़ लिया था। अरविंद कुमार का आरोप है कि जिला कोषाध्यक्ष बनाने के लिए उसने मुझसे 50 हजार ले लिया था।
काफी वक्त बीतने के बाद कोई पद नहीं मिला तो हमने कहा कि मंडल की बैठक में बड़े पदाधिकारियों के समक्ष इसकी शिकायत करेंगे। उस दौरान उसने मुझे 30 हजार रुपये लौटा दिया था। बाकी रकम अभी तक नहीं दिया। इसके अलावा बसपा के पूर्व नेताओं ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि वर्ष 2017 में विधानसभा का प्रत्याशी घोषित करवाने के नाम पर तमाम लोगों से अच्छी खासी रकम लिया था।