जब पैमाइश हो गई, तब मिली नोटिस, दूसरे पक्ष को फायदा पहुंचाने आ आरोप
संवाद न्यूज एजेंसी
फरेंदा। क्षेत्र के विशुनपुर अदरौना गांव में एसडीएम व कानूनगो की मिलीभगत से बिना पीड़ित पक्ष की मौजूदगी में भूमि पैमाइश कराने का आरोप एक बुजुर्ग ने लगाया है। उनका कहना है कि जब पैमाइश हो गई, तब उन्हें नोटिस मिली। ऐसा दूसरे पक्ष को फायदा पहुंचाने के लिए किया गया हैं। उच्चाधिकारियों से शिकायत कर पीड़ित ने न्याय की गुहार लगाई है।
बृजमनगंज क्षेत्र के विशुनपुर अदरौना निवासी 98 वर्षीय रूपनरायन त्रिपाठी ने बताया कि उनकी पुश्तैनी जमीन विशुनपुर अदरौना में है। उन्होंने आरोप लगाया कि एसडीएम फरेंदा ने उनकी गैर मौजूदगी में जमीन की पैमाइश व पत्थर नसब का आदेश पारित कर दिया, लेकिन इसकी जानकारी उन्हें नहीं दी गई। उन्होंने बताया कि जानकारी होने के बाद एसडीएम व कानूनगो से गुहार लगाई कि उनकी मौजूदगी में कार्रवाई की जाए।
उन्होंने कहा कि मांग के बावजूद अधिकारियों ने बात मानने से इन्कार कर दिया। एसडीएम से गुहार लगाने के बाद भी कानूनगो ने उनकी अनुपस्थिति में जबरदस्ती जमीन की पैमाइश कराई। इस संबंध में एसडीएम मदन मोहन वर्मा ने बताया कि काफी दिनों से जमीन को कब्जा किए थे। दूसरे पक्ष ने पैमाइश कराकर जमीन दिलाने की मांग की थी। उसी जमीन को पैमाइश कराकर कब्जा दिलाया गया हैं। उनका आरोप निराधार है।