महराजगंज। चौरी चौराहा के लोगों को जिला मुख्यालय आने के लिए अभी 42 किमी की दूरी तय करनी पड़ती है। इससे करीब 70 हजार की आबादी को परेशानी होती है। चौरी चौराहा से मौलागंज मार्ग पर खोरनईया नाले पर पुल बन रहा है। इससे आठ माह बाद क्षेत्र के लोगों की सात किमी की दूरी कम हो जाएगी।
जानकारी के अनुसार, चौरी चौराहा से मौलागंज मार्ग पर खोरनईया नाले पर पुल का निर्माण मार्च 2024 में शुरू करा दिया गया है। 1.88 लाख रुपये की लागत से यह पुल लोक निर्माण विभाग बना रहा है। कार्य धीमी गति से चलने के कारण अभी तक पुल पर स्लैप और दोनों तरफ किनारा नहीं बना है। पुल के किनारे से आने जाने के लिए रास्ता बनाया गया है, इससे बाइक व साइकिल से लोग गुजर सकते हैं।
बड़े वाहन इधर से नहीं गुजरते हैं। रोजाना हजारों लोग जिला मुख्यालय पर जरूरी काम से आते हैं, इन सभी को परेशानी होती है। सड़क पर मिट्टी और निर्माण सामग्री के ढेर लगे हुए हैं, जिससे लोगों को समस्या होती है। खासकर बारिश के मौसम में सड़क पर कीचड़ भरने के कारण स्थिति और भी बदतर हो जाती है।
आसपास के लोगों का कहना है कि जब से लघु सेतु के निर्माण का कार्य शुरू हुआ है, तबसे लोगों यात्रा काफी कठिन हो गई है। राजू यादव ने बताया कि स्कूल, अस्पताल और बाजार सभी इसी मार्ग से जुड़े हुए हैं। काम की धीमी गति और वैकल्पिक व्यवस्था की कमी के कारण रोजमर्रा के कामों के लिए परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। रामदरश सैनी ने बताया कि सड़क पर कोई सही ढंग से वैकल्पिक मार्ग न होने के कारण लोग जोखिम उठाते हुए खेतों के रास्तों और आसपास की पगडंडियों का सहारा ले रहे हैं। खासकर बुजुर्गों और बच्चों के लिए मुश्किल है।
40 गांवों के लोगों को सुविधा मिलेगी
इस मार्ग से जंगल बड़हरा, कुआं चाप, सतगुर, मुजुरी, भवानीपुर, गांगी बाजार, नरकटहा, रामपुर, सौरहा, डोमरा, अडबड़हवा, बरवास, मंसूरगंज, देवीपुर, रतनपुरवा समेत लगभग 40 गांवों के 70 हजार अधिक आबादी को इसका सीधे लाभ मिलेगा और आवागमन भी सुलभ होगा।
गिरगिटिया नहर से गेहुअना गांव होते हुए धनखरी तक जबकि मुजुरी बाजार से लेकर बैदा गांव होते हुए सोनबरसा तक मार्ग में जुड़ेगा। पुल फाइनल स्तर पर है। बारिश के कारण निर्माण कार्य रुका है। जल्द ही इसको पूर्ण किया जाएगा।
-रविशंकर कुमार अवर अभियंता, लोक निर्माण विभाग
पुल बनकर तैयार, रास्ता बनने का इंतजार
महराजगंज। एनएच 238 मार्ग के पास पट्टे चौराहा मार्ग पर स्थित खोरनईया नाले के पास लघु सेतु निर्माण कार्य अपूर्ण है। वर्ष 2024 मार्च में 1.62 लाख का धन स्वीकृति हुआ था, जिसके बाद विभाग ने काम प्रारंभ किया। पुल का स्लैब व दोनों तरफ किनारा बनकर तैयार हो गया है। जबकि अभी तक आवागमन के लिए रास्ता नहीं बना है। बगल के जर्जर पुल से सैकड़ों की संख्या में लोग आते-जाते हैं। लोगों में भय बना रहता है कि कोई बड़ा हादसा न हो जाए। क्षेत्र के आसपास के लोगों ने पुल के अधूरे कार्य को पूरा करने की मांग की। जानकारी के अनुसार, पुल बनने से 20 गांवों के 35 हजार से अधिक आबादी के लोगों को सीधे आने जाने में लाभ मिलेगा। इस मार्ग से कमासिन बुजुर्ग, कमासिन खुर्द, जंगल बड़हरा, धनखरी, हसखोरी, सोहास, मौलागंज, अनंतपुर, कुआं चाप, बेनीगंज,रतपुरवा, रामपुर, देवीपुर, मंसूरगंज, भवानीपुर, हरिरामपुर, गांगी बाजार, नरकटहा, डोमरा, हरखपुरा आदि गांवों के लोग जुड़े हैं।