महराजगंज। शहर के हनुमानगढ़ी से निकलकर बभनौली, कामता, सोहरौना तिवारी होते हुए भिटौली तक जाने वाली सडक पर गड्ढे ही गड्ढे हैं। इस रास्ते से आने जाने वाले लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। हनुमानगढ़ी से बभनौली होते हुए भिटौली तक 15 किलोमीटर लंबी सड़क है। इस सड़क से खेमपिपरा, बभनौली, सोहरौना, कामता, विशुनपुरा, राजमंदिर, मिठौरा, पनियरा समेत अन्य जगहों के राहगीर आते जाते हैं। वर्षों से बदहाल इस सड़क की दशा को सुधारने के लिए के लिए कोई भी जिम्मेदार आगे नहीं आ रहा है।
सोहरौना निवासी रंजीत ने बताया की इस रोड पर 10 किमी की यात्रा करने में एक घंटे से अधिक समय लग जाता है। यही वजह है कि इस सडक पर चलने वाले आटो रिक्शा चालक मनमाना किराया वसूल करते है। और तो और हिचकोले खाकर शरीर में थकान हो जाती है। बभनौली के रहने वाले समिउल्लाह ने बताया कि महराजगंज जाने के लिए यही हमारा मुख्य रास्ता है। रास्ते में इतने गड्ढे है कि यात्रा करने में डर लगता है। कभी कभी तो रास्ते में ही बाइक भी खराब हो जाता है। प्रतिदिन सैकडों छात्र इसी रास्ते से पढ़ने आते जाते हैं जो अक्सर गिरकर चोटिल होते रहते हैं।
यही हाल पकडी चौराहे से होते हुए खुटहां, मौलागंज, मुजुरी व पनियरा जाने वाले मार्ग का भी है। इस क्षेत्र के लोगाें का जिला मुख्यालय जाने के लिए यही मुख्य मार्ग है। इस मार्ग पर पुल दो साल से क्षतिग्रस्त है। लखरैया के राजेंद्र ने बताया कि पुल क्षतिग्रस्त होने से बड़ी गाडियों का आवागमन प्रभावित होता है। इस रास्ते पनियरा मुजुरी के अलावा गांगी बाजार, बेलटिकरा, रजौडा, माधोनगर, मुडिला, हसखोरी, धनखरी, खजुरिया समेत दर्जनों गांवों के लोगों का जिला मुख्यालय जाने का यह मुख्य मार्ग है। रास्ता खराब होने के वजह से लोगों को 30 किमी की अधिक यात्रा करके परतावल से होकर जाना पडता है। लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता गंगा सागर ने बताया कि बजट मिलते ही दो स्थानों पर कार्य शुरू करा दिया जाएगा।