फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Maharajganj News: नेपाल के बालू से बन रही भारतीय इमारत

Wed, 19 Jun 2024 05:11 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
विज्ञापन
भारत नेपाल सरहद से सटे भारतीय क्षेत्र में डंप नेपाल से लाई गई बालू। 
विज्ञापन
निचलौल। भारतीय क्षेत्रों में पुलिस और प्रशासन ने अवैध खनन पर पाबंदी लगाकर खनन माफियाओं पर शिकंजा कसा तो सरहद पार से अवैध बालू की खेप आने लगी। भारत-नेपाल सरहद पर तस्करी सहित अन्य अपराधों को रोकने के लिए कई सुरक्षा एजेंसियां लगी हैं। बावजूद इसके नियम कानून ताक पर रखकर उल्लंघन किया जा रहा है। सरहद पर कड़ी निगरानी के बावजूद नेपाल से बालू की खेप को ट्रैक्टर-ट्रॉली की मदद से भारतीय क्षेत्र में लाई जा रही है।
विज्ञापन

सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, सुनसान देखहर रोज नेपाल से आठ से 10 ट्रॉली बालू भारत लाई जा रही है। भारत-नेपाल सरहद पर निगरानी करने वाली सुरक्षा एजेंसियां बालू का अवैध कारोबार रोक पाने में पूरी तरह से विफल साबित हो रही हैं। यूं कहें कि बालू तस्करों के आगे सुरक्षा एजेंसियां और संबंधित विभाग के जिम्मेदारों ने घुटने टेक दिए हैं। जिम्मेदार बालू का अवैध कारोबार और तस्करी करने वालों के आगे बौनी साबित हो रही है। क्योंकि आज तक बालू कारोबार करने वाले के खिलाफ जिम्मेदार कोई कठोर कार्रवाई नहीं कर सके हैं।
नतीजतन बालू का अवैध कारोबार करने वाले माफिया धड़ल्ले से अपने कारोबार को अंजाम देने में लगे हैं। सूत्रों के मुताबिक रात के अलावा अब दिन के उजाले में भी सरहद के पगंडियों वाले रास्तों से नेपाली बालू भारत लाई जा रही है। भारतीय क्षेत्रों में पिछले कुछ समय से बालू के अवैध खनन पर रोक लगी है। ऐसे में बालू माफिया बालू खनन का धंधा बेरोकटोक जारी रखे हुए हैं। वहीं सीमावर्ती क्षेत्रों का मानना है कि पहले तो पुलिस प्रशासन का डर रहता था। इसके चलते रात में छिटपुट बालू की खेप भारत लाई जाती थी, लेकिन माफिया अब दिन में ही सरहद के रेंगहिया, शीतलापुर, चालीस कड़िया, लक्ष्मीपुर सहित अन्य जगहों से दिन दहाड़े बालू ट्रैक्टर-ट्रॉली की मदद से ला रहे हैं। तस्करों की ओर से रोजाना आठ से 10 ट्रैक्टर-ट्रॉलियां लाई जा रही हैं। इस मामले में सुरक्षा एजेंसियां के साथ ही अन्य जिम्मेदार अधिकारी जानते हुए भी अनजान बने हैं।
विज्ञापन

निचलौल कस्टम अधीक्षक रविंद्र तिवारी ने कहा कि बॉर्डर पर तस्करी रोकने के लिए तैनात सुरक्षा एजेंसियों के साथ उनकी टीम भी लगातार प्रयास कर रही है। इतना ही नहीं मुखबिर से सूचना मिलने के बाद पकड़े जाने वाले आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है।

-
सीमावर्ती क्षेत्रों में बालू को किया जा रहा डंप
सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, तस्कर नेपाल के नारायणी नदी के इर्द-गिर्द खनन कर ट्रैक्टर-ट्रॉली की मदद से बॉर्डर पार कर सीमावर्ती क्षेत्रों में बालू डंप कर रहे हैं। फिर शहर के अलावा गांवों में गिराकर मोटी रकम कमा रहे हैं। यह सिलसिला हर रोज चलता है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें