महराजगंज। किसानों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए सरकार खेती के साथ पशुपालन को भी बढ़ावा दे रही है। शासन की नई योजना बकरी पालन के लिए पशुपालन विभाग को 23 आनलाइन आवेदन प्राप्त हुए हैं। जिसे विभाग ने मुख्यालय को भेज दिया है। योजना के तहत मूल लागत पर 50 फीसदी अनुदान शासन द्वारा दिया जाता है।
किसानों को आर्थिक तौर पर सशक्त बनाने के लिए सरकार पशु पालन को बढ़ावा दे रही है। राष्ट्रीय पशुपालन मिशन के तहत किसानों को बकरी पालन करने वालों को आर्थिक सहायता प्रदान कर रही है। पशुपालन विभाग के मुताबिक बकरी पालन के प्रति लोगों की रुचि बढ़ रही है। इस योजना में कुल ऑनलाइन 23 आवेदन मिले हैं। जिसे निदेशालय को सत्यापन के लिए भेजा गया है।
योजना की शर्ते:
बकरी पालन योजना को पांच श्रेणियों में बांटा गया है। योजना के तहत 100 बकरी पालने के लिए 20 लाख रुपये की योजना है। जिसके तहत योजना के लाभार्थी को 50 फीसदी अनुदान मिलता है। 100 बकरी पालन के लिए लाभार्थी के पास एक एकड़ से अधिक जमीन होनी चाहिए। इसके अलावा बकरी प्रशिक्षण प्रमाण पत्र, प्रोजेक्ट रिपोर्ट, आधार, पैनकार्ड, बैंक पासबुक, कैंसिल चेकबुक की प्रति, लाभार्थी की फोटो, जमीन की फोटो, बैंक सहमति पत्र, अंतिम छह माह का बैंक स्टेटमेंट 02 लाख मार्जिन मनी के साथ, पिछले छह साल का आईटीआर, फर्म रजिस्ट्रेशन और जीएसटी पेपर, जमीन की खतौनी, खुद के नाम से जमीन नहीं है तो 10 साल का रजिस्टर्ड एग्रीमेंट होना चाहिए। योजना के तहत 10 लाख में दो लाख रुपये खुद लगाना होता है जबकि 8 लाख बैंक से ऋण लिया जा सकता है।
बकरी पालन योजना में अब तक 23 आवेदन ऑनलाइन प्राप्त हुए हैं। जिसे निदेशालय भेजा गया है। आवेदन निदेशालय से सत्यापित होने के बाद भारत सरकार को जाता है, उसके बाद कार्यालय को मिलता है। बकरी पालन के इस स्कीम का लाभ लेने के लिए किसानों को बकरी पालन की पंजीकृत संस्था से प्रशिक्षण लेना जरूरी है।
-डॉ. विनोद विश्वकर्मा, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी