ड्रोन कैमरे से रेलवे का सर्वे करती टीम।
महराजगंज। आनंदनगर महराजगंज घुघली रेल मार्ग के लिए ड्रोन लाइडर सर्वे तेजी से हो रहा है। 43 किमी तक जमीनों की फोटोग्राफी कराई जा चुकी है। सेंटर लाइन सर्वे पूरा कर पिलर लगाया जा चुका है। जनवरी तक ज्यादातर काम पूरा कर मुआवजा देने की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी। दिल्ली से आई टीम सर्वे में जुटी है। नौ किलोमीटर सर्वे होने शेष रह गया है।
जानकारी के अनुसार, परसिया बुजुर्ग में बनने वाले रेलवे स्टेशन तक ड्रोन लाइडर सर्वे पूरा हो चुका है। सर्वे से जुड़े कर्मी तेजी से काम निपटा रहे हैं। इस नई रेल लाइन के निर्माण से महराजगंज जनपद का विकास होगा। कृषि बाहुल्य क्षेत्र होने के कारण लघु कृषि उद्योग को भी बढ़ावा मिलेगा। यह रेल लाइन महराजगंज जिला मुख्यालय को जोड़ेगी। वर्तमान में नेपाल सीमा से जुड़ा महराजगंज नगर रेल से जुड़ा नहीं है। इस लाइन के बन जाने से उत्तर भारत से आने वाली ट्रेनों को बाल्मिकीनगर एवं रक्सौल होते हुए पूर्वोत्तर के राज्यों को एक वैकल्पिक मार्ग उपलब्ध होगा तथा गोरखपुर जंक्शन स्टेशन पर यातायात का दबाव कम होगा।इस रूट पर आनंदनगर, महराजगंज और घुघली क्राॅसिंग स्टेशन होंगे, जबकि चार हॉल्ट स्टेशन भी बनाए जाएंगे। इस रेल मार्ग पर कुल 9 बड़े एवं 14 छोटे पुल बनाए जाएंगे। रेल लाइन के निर्माण के लिये 191.059 हेक्टेयर भूमि के अधिग्रहण की प्रक्रिया शीघ्र ही शुरू की जाएगी।
-
नौ किमी सर्वे शेष रह गया है। इसे भी जल्दी पूरा कर लिया जाएगा। सर्वे में जुटी टीमें तेजी से काम कर रहीं हैं। सेंटर लाइन पिलर लग चुका है। जमीनों की मैपिक पूरी होने के बाद आगे की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
मुकेश कुमार कुशवाहा, सर्वेयर, रेलवे