फरेंदा। विश्व हृदय दिवस के अवसर पर डॉ. सीबी पांडेय ने मरीजों को जागरूक किया। उन्होंने कहा हृदय रोग पूरे विश्व में की गंभीर समस्या है। जिसका उपचार सिर्फ जागरूकता के माध्यम से किया जा सकता हैं। निष्क्रिय जीवन शैली, अत्यधिक तनाव, उच्च रक्तचाप, मधुमेह, धूम्रपान, मोटापा, वसायुक्त भोजन से हृदय रोग का अधिक ख़तरा होता है। जिनका कोलेस्ट्रोल, ट्राईग्लिसराइड अधिक होता है, उनमें जोखिम ज्यादा है।
उन्होंने कहा कि गुस्सा या चिंता अधिक करने वाले लोगों को जल्द हृदयाघात होने की आशंका रहती है। हृदय रोग के कुछ लक्षण सामान्य सीने में भारीपन, दर्द, बाएं हाथ में दर्द, मसूढ़ों में दर्द, गर्दन एवं पीठ में दर्द आदि हैं। उसके बचाव के लिए कहा कि नमक का सेवन कम करना चाहिए। तनावपूर्ण जिंदगी से दूर रहना चाहिए। नियमित रूप से अपने चिकित्सक के देखरेख में करवाते रहना चाहिए। योग एवं व्यायाम जरूर करें पैदल चलने की आदत डालें।