सिसवा बाजार। सोहगी बरवां वन्य जीव प्रभाग के निचलौल रेंज के गेड़हरुआं वन चौकी अंतर्गत गेड़हरुआ टोले के बाहर केले के खेत में शुक्रवार सुबह तेंदुए के पंजों का निशान तथा एक मृत बछड़े का शव पाया गया। तेंदुए के पंजों का निशान देख गांव के लोग दहशत में है। वहीं वन अधिकारियों ने ग्रामीणों को सतर्क रहने की सलाह दी। कोठीभार थाना क्षेत्र के ग्राम सभा खेसरारी के गेड़हरुआ टोले पर सिसवा कस्बे के गोपाल नगर मुहल्ला निवासी वैद्य सम्राट डॉक्टर महेश सिंह ने खेत में केले की फसल लगाया है। रोज की तरह शुक्रवार सुबह को भी गेड़हरुआ टोले के मल्लू चौधरी, ओमप्रकाश, घनश्याम तथा भुक्खल साहनी के साथ खेत की तरफ गए। खेत में घूम कर फसल का मुआयना करते समय डॉक्टर महेश की नजर खेत में पड़े तेंदुए के पंजे की तरफ पड़ी। थोड़ी दूर आगे बढ़ने पर खेत के पास कटबांसी के बगल में स्थित अयोध्या के खेत में एक मृत बछड़ा पड़ा था।
बछड़े का शरीर क्षत-विक्षत होकर खेत के कई हिस्सों में बिखरा था। जिसे देख सभी डर के कारण मौके से भाग खड़े हुए और गेड़हरुआ गांव में पहुंचकर इसकी जानकारी ग्रामीणों को दी। ग्रामीणों ने बताया कि कुछ दिन पूर्व ही इसी तरफ एक तेंदुआ दिखा था। तेंदुए के सीवान में आने की जानकारी होते ही आस-पास के गांव व टोले के लोगों में दहशत का माहौल है। इस संबंध में क्षेत्रीय वनाधिकारी अशोक चंद्रा ने बताया कि घटना की जानकारी मिली है। खेत में मिले पंजों के निशान को देखने से यह प्रतीत हो रहा है कि वह तेंदुआ ही होगा। गेड़हरुआ चौकी के वन दरोगा रामदीन चौधरी को मौके का मुआयना करने के लिए निर्देशित किया गया है। जब तक तेंदुआ पकड़ा न जाए सभी ग्रामीण सतर्क रहें।