धानी। कोइलाडाड़ गांव के चार असलहे जमा नहीं हो सके। पुलिस की जांच पड़ताल में ये लोग उस गांव के रहने वाले नहीं पाए गए हैं। पुलिस ने ग्राम प्रधान से इन लाइसेंसियों के निवासी नहीं होने का प्रमाणपत्र लेकर दायित्व की इतिश्री कर दी।
विधान सभा चुनाव को देखते हुए प्रशासन ने धानी क्षेत्र के लाइसेंस धारी असलहा मालिकों को संबंधित थाने में अपने असलहे जमा कराने का निर्देश दिया था। लेकिन निर्धारित समय बीतने के बाद भी धानी क्षेत्र के ग्राम सभा कोइलाडाड़ से चार असलहे नहीं जमा हुए।
बृजमनगंज पुलिस के रिकॉर्ड के अनुसार इसी थाना क्षेत्र के ग्राम सभा कोइलाडाड़ निवासी दिनेश प्रताप सिंह पुत्र शमशेर बहादुर सिंह, श्रीमती अंजू सिंह पत्नी दिनेश प्रताप सिंह, संधू सिंह पत्नी आशुतोष प्रताप सिंह के नाम से असलहा है। लेकिन स्थानीय पुलिस के कान तब खड़े हुए जब इन तीन लोगों के नाम से बने चार असलहा धारकों का कोई पता नहीं चला। पुलिस ने इन असलहा मालिकों के बारे में गहराई से जांच पड़ताल की तो नतीजा चौंकाने वाला रहा।
पुलिस को पता चला कि इस नाम का कोई भी आदमी इस गांव का निवासी नहीं है। दिनेश प्रताप सिंह के नाम रायफल लाइसेंस नंबर 021394, उनकी पत्नी अंजू सिंह के नाम से रायफल लाइसेंस नंबर 1007307 और रिवाल्वर लाइसेंस नंबर 179194 है। इसी घर की संधू सिंह पत्नी आशुतोष प्रताप सिंह के नाम से रायफल लाइसेंस नंबर 1008319 है।
जिले से आई लाइसेंसियों की सूची में एक ही परिवार के चार लोगों के नाम थे। कोईलाडाड़ गांव के ये चार लोग निवासी नहीं पाए गए। इसकी सूचना अधिकारियों को दी गई है। -एसओ, बृजमनगंज