महराजगंज। बीते 11 फरवरी की सुबह पनियरा थाना क्षेत्र के अड़बड़हवां गांव के पास बगीचे में युवक मिली लाश की शिनाख्त होने के साथ ही उसे मौत के घाट के उतारने वाले पांच लोग पुलिस की गिरफ्त में हैं। युवक की हरकतों से तंग आकर घरवालों ने ही मिलकर उसे ठिकाने लगा दिया। पुलिस की पूछताछ में इस बात का खुलासा हुआ है। मृत युवक के आरोपी पिता, भाई और मां समेत बोलेरो चालक को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। रविवार को एसपी आरपी सिंह ने घटना का पदार्फाश अपने कार्यालय कक्ष में किया।
पुलिस की पूछताछ में जो तथ्य सामने आया है, उसके मुताबिक मृतक दीपचंद प्रजापति (20)वार्ड नंबर 4 जनता मार्केट, कस्बा कप्तानंगज जिला कुशीनगर का शव महराजगंज जिले के पनियरा थाना क्षेत्र के अड़बड़हवां गांव के पास बगीचे में 11 को फरवरी को मिला था। घटना के बाद युवक की शिनाख्त नहीं हो पाई थी। लेकिन पुलिस ने इस मामले में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी। बीते दिन युवक से जुड़ा एक वीडियो भी वायरल हुआ था जिसे लेकर पुलिस ने जांच तेज किया। बाद में पुलिस को पता चला कि मृत युवक कुशीनगर जिले के कप्तानगंज कस्बे के वार्ड नंबर 4 जनता मार्केट का निवासी है। पुलिस टीम पहले मृतक के घर वालों के बारे में जानकारी हासिल की। इसके बाद सख्ती बरती गई तो घर वाले पुलिस को झांसा देकर भागने के फिराक में जुट गए। बीती रात परतावल चौराहे पर कप्तानगंज जाने वाली सड़क पर पुलिस ने मृतक के पिता भोला, भाई दिलीप, संदीप, मां गुड्डी देवी और करन चौहान बोलेरो चालक निवासी वार्ड नंबर 14 कस्बा कप्तानगंज को गिरफ्तार कर लिया। इन सभी पर हत्या का मुकदमा दर्ज कर जेल भेज दिया गया। पूछताछ में मृतक के पिता भोला ने पुलिस को बताया कि दीपचंद की आदत ठीक नहीं थी। उसे जुए की लत थी। साथ ही शराब भी पीता था। जरूरत न पूरा होने पर हर रोज घर में झगड़ा मारपीट करना उसकी आदत बन चुकी थी। बीते 10 फरवरी की रात को वह घर पर आया और जुआ खेलने के लिए अपनी मां से रकम मांगने लगा। जब उसकी मां ने रकम नहीं दिया तो वह उसे बेरहमी से पीटने लगा। दोनो भाई बीच बचाव किए, लेकिन वह नहीं माना। थोड़ी देर में वह पहुंचे और प्लास्टर में प्रयुक्त होने वाले पाटा से पीटाई कर दी। कुछ दर बाद उसकी मौत हो गई। उसके शव को ठिकाने लगाने के लिए बोलेरो से सूनसान स्थान की तलाश करते हुए महराजगंज जिले के पनियरा थाना क्षेत्र के अड़बड़हवां गांव पहुंचकर बागिचे में फेंक दिया। पुलिस ने पूछताछ के बाद घटना में प्रयोग किए हुए पाटा को भी बरामद कर लिया। इस घटना का पर्दाफाश करने में थानाध्यक्ष पनियरा राजेंद्र सिंह, एसआई सतेंद्र सिंह, ओपी चौहान, ओम प्रकाश यादव, रमेश यादव, कृष्ण कुमार, आलोक पांडेय, राणा सिंह, राजेश शर्मा टीम में शामिल रहे।