महराजगंज। इस बार ठंड ने कारोबार में चार चांद लगा दिया। चला चली की बेला में ठंड बढ़ने से अचानक ठंड के मौसम में बिकने वाले सामानों की मांग बढ़ गई। इससे करीब चार करोड़ का कारोबार हुआ। कारोबार अच्छा होने से व्यापारियों के चेहरे खिल उठे। अब व्यापारी गर्मी की तैयारी में जुट गए हैं।
कारोबारियों के अनुसार, जनवरी तक ही कारोबार सिमट जाता था, लेकिन इस साल अचानक से मौसम ने रूख बदला तो कारोबार को भी फायदा हुआ। इस बार तो ठंड फरवरी तक ठंड सता रही है। गर्म और ऊनी कपड़े के जिन व्यापारियों को घाटे का डर सता रहा था, उन्हें फायदा कमाने का अवसर मिल गया। ठंड के मौसम में बाजार करीब एक करोड़ रुपये तक पहुंच गया है। अब व्यापारियों ने ईद के बाजार और गर्मी के सीजन की तैयारी भी शुरू कर दी है।
इस बार दिसंबर में सर्दी का असर बहुत ही कम रहा। लेकिन जनवरी में मौसम ने करवट ली और ठंड ने व्यापारियों को मौका दिया। गर्म कपड़े, हीटर, गीजर और ब्लोअर के स्टॉक समाप्त हो रहे हैं। कपड़े के व्यापारियों को आशंका थी कि माल डंप हो गया तो अगले सीजन में कपड़ों में तह लग जाएगी और रंग उतर जाएगा। डिजाइन भी बदल जाएगी तो पुराने माल की कीमत कम हो जाएगी। लेकिन ठंड बढ़ने पर व्यापारियों को माल खपाने का एक और अवसर मिल गया।
फरवरी में ठंड बढ़ी तो शहर की दुकानों से शोरूम तक 30 से 50 प्रतिशत का ऑफर दे दिया है। खरीदारी के लिए दुकानों में ग्राहकों का तांता लगा रहा। महराजगंज शहर के किराना व्यापारी अशोक बताते हैं कि ठंड के मौसम में मेवा की खपत बढ़ जाती है। हालांकि, गर्मी के सीजन में लगन और ईद के कारण मेवे की बिक्री अधिक होने की संभावना है।
थोक बाजार में माल के ऑडर दिए जा रहे
ठंड का मौसम बीत रहा है तो व्यापारियों ने गर्मी के सीजन में लगन और ईद की तैयारियां शुरू कर दी है। थोक बाजार में माल के ऑर्डर दिए जा रहे हैं ताकि गर्मी के सीजन में मांग के अनुसार आपूर्ति दी जा सके। ठंड के मौसम में आइसक्रीम और शीतल पेय की मांग बहुत कम हो गई थी, लेकिन अब इसमें अचानक तेजी आने वाली है। आइसक्रीम और कोल्ड ड्रिक्स कंपनियों के प्रतिनिधियों ने दुकानदारों के वहां पहुंचना शुरू कर दिया है। लगन को देखते हुए कपड़े और आभूषण का बाजार तैयार किया जा रहा है। इसी प्रकार इलेक्ट्राॅनिक्स बाजार सहित किराना में भी तेजी आने वाली है, क्योंकि सभी आयोजनों में किराने के सामानों की खपत बढ़ जाएगी।
लगन के पहले कम बिक्री हो रही थी। जैसे ही लगन का सीजन शुरू हुआ है 60 से 70 प्रतिशत व्यापार बढ़ गया। इस बार कारोबार अच्छा होने की उम्मीद है। खरीदारी करने लोग आ रहे हैं। इस बार मार्च, अप्रैल तक ही लगन है। इस कारण लगन को ध्यान में रखकर व्यापार किया जा रहा है।
-सूरज वर्मा, आभूषण कारोबारी
-
ठंड के सीजन में मेवा, च्यवनप्राश समेत अन्य सामग्री का बिक्री तेज रहती है। जिले की बात करें तो लगभग एक करोड़ की बिक्री हुई होगी। गर्मी में मेवे की बिक्री भी कम हो जाती है।
-रामनाराण गुप्ता, किराना कारोबारी
-
लगन, होली, ईद और गर्मी के सीजन में बिक्री अच्छी होती है। अगर जिले की बात करें तो करीब चार करोड़ के उपर का कारोबार होता है। ईद में कपड़ों की बिक्री अधिक होती है। अब ठंड के कपड़ों को ऑफर देकर बिक्री की जा रही है।
-अभिषेक कश्यप, कपड़ा कारोबारी
-
गर्मी में कोल्ड ड्रिंक की मांग बढ़ जाती है। गर्मी के सीजन में जिले में 20 करोड़ के उपर कारोबार होने का अनुमान है। ठंड में बिक्री बहुत रहती है। कोल्ड कपंनियों के प्रतिनिधि दुकानों पर आने लगे हैं।
-आदित्य प्रकाश गुप्ता, कोल्ड ड्रिंक्स, कारोबारी
ठंड में ब्लोअर, सन हिटर, गीजर, इमर्शन रॉड की बिक्री बहुत तेज रही। अभी भी फरवरी महीने में ग्राहक आ रहे हैं। जिले की सभी दुकानों को मिलाकर करीब चार करोड़ रुपये का सामान बिका होगा। गर्मी के मौसम को ध्यान में रखते हुए तैयारी की जा रही है।
-प्रदीप शुक्ला, इलेक्ट्राॅनिक कारोबारी
गर्मी में आइसक्रीम की मांग बढ़ जाती है। जैसे-जैसे ठंड दूर होगी, वैसे ही आइसक्रीम की मांग बढ़ेगी। इस बार जिले में करीब करोड़ों रुपये से उपर आइसक्रीम बिकने का अनुमान है। ऑर्डर लेने के लिए अलग-अलग कंपनियों के प्रतिनिधि आ रहे हैं।
-श्रवण निगम, आइसक्रीम कारोबारी