महराजगंज। परतावल ब्लाॅक के ग्राम सभा मोहद्दीनपुर बनकटिया में मनरेगा कार्यों में हो रही धांधली की शिकायत करना शिकायतकर्ता को महंगा पड़ गया। आरोप है ग्राम प्रधान व रोजगार सेवक ने सचिव के कमरे में बंदकर उसे धमकाया। इससे उसकी तबीयत बिगड़ गई। मेडिकल कॉलेज गोरखपुर में उसका इलाज कराया गया।
हालत में सुधार होने पर उसने वीडियो वायरल कर दिया। परतावल ब्लाॅक के मोहद्दीनपुर बनकटिया में विदेश में रहने वाले एक व्यक्ति के खाते में मनरेगा मजदूरी भेज दिया गया। गांव के इंद्रासन शर्मा ने इसकी शिकायत खंड विकास अधिकारी से की। बीडीओ ने मामले की जांच के लिए दो सदस्यीय टीम का गठन किया है।
शिकायतकर्ता के अनुसार ग्राम सभा में मनरेगा योजना के तहत कराए गए कार्य में हिरामन पुत्र जोखन के खाते में मनरेगा मजदूरी भेजा गया है। जबकि वह एक वर्ष पहले से दुबई में है। बीते आठ मई को उसने इसकी शिकायत की। आरोप है कि दस मई को परतावल ब्लाॅक परिसर में स्थित ग्राम सचिव के कमरे में शिकायतकर्ता को बंद कर ग्राम प्रधान व रोजगार सेवक ने मामले में सुलह समझौता करने का दबाव बनाया जब उसने इंकार कर दिया तो उसे जान से मारने की धमकी दी गई। उनके धमकाने के वजह से इंद्रासन की तबीयत खराब हो गई। मेडिकल कालेज में तीन दिन तक उसका आईसीयू में भर्ती कराया गया। चौथे दिन हालत में सुधार होने पर उसे डिस्चार्ज किया गया। सोमवार को शिकायतकर्ता का एक वीडियो वायरल हुआ। वायरल वीडियो में उसने ग्राम प्रधान व रोजगार सेवक पर धमकाने का आरोप है।
इस संबंध में ग्राम प्रधान राजेश व रोजगार सेवक मनोज सिंह ने बताया कि शिकायतकर्ता ने जो आरोप लगाया है, वह बेबुनियाद है। सचिव के कमरे में सिर्फ बातचीत के लिए बुलाया गया था।