महराजगंज। डेंगू को लेकर स्वास्थ्य विभाग सतर्क है। जनवरी से अब तक 23 मरीज मिल चुके हैं। इन दिनों सभी स्वस्थ हैं। जिला अस्पताल में आठ बेड डेंगू वार्ड है। वहीं इसके जांच के लिए 250 रैपिड कीट उपलब्ध है। दवाओं और जांच की पूरी व्यवस्था है। एक अक्तूबर से 31 तक संचारी रोग नियंत्रण अभियान और 11 से लेकर 31 अक्तूबर दस्तक अभियान के माध्यम से आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ता घर-घर जाकर लोगों को जागरूक करेंगी।
स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के अनुसार, इस वर्ष डेंगू के 23 मरीज मिले थे। 12 सीएचसी पर डेंगू को लेकर 2-2 बेड बनाएं गए हैं और यहां डेंगू की जांच के लिए 150 से लेकर 200 उपलब्ध कराई गई है। इससे बचाव के लिए गांवों में छिड़काव कराई जा रही है। स्कूल कालेजों में इसको लेकर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। डेंगू के बढ़ते प्रभाव को देखते हुए आवासीय भवनों और टायर ट्यूब की दुकानों पर विशेष नजर रखी जा रही है।
प्रभारी सीएमओ डॉ राजेन्द्र प्रसाद ने बताया कि डेंगू के लक्षण डेंगू वायरस से संक्रमित व्यक्ति को जब मच्छर काटता है और वह मच्छर फिर अन्य लोगों को काटता है तो वह भी संक्रमित हो जाते हैं। डेंगू के मरीज को तेज बुखार, सिरदर्द, चकत्ते, मांसपेशियों और जोड़ों में दर्द होता है। गंभीर मामलों में रक्तस्राव भी हो सकता है। इसके अलावा ठंडा लगना, थकान, भूख न लगना आदि भी इसके लक्षण में शामिल है। संवाद