थाना नाराहट के ग्राम गौना निवासी युवक की मध्य प्रदेश के थाना चंदेरी अंर्तगत ग्राम कडराना में हत्या कर दी गई। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर नामजद लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। ग्राम गौना निवासी मृतक के पिता भगवत सिंह पुत्र पहाड़ सिंह ने बताया कि वह अपने परिवार का खेती करके पालन पोषण करते हैं। नवरात्र के समय मेरा बेटा सत्येंद्र सिंह अपने मामा के यहां ग्राम कड़राना गया था। वहां गांव के कुछ लोगों से विवाद हो गया था। विवाद के बाद वह लौटकर गांव आ गया। उसने ग्राम कड़राना में हुए विवाद के वीडियो दिखाए थे, जिसमें उसको जान से मारने की बात कही जा रही थी और विपक्षी वीडियो को डिलीट करने का दबाव बना रहे थे। पिता ने बताया कि रविवार को शाम करीब पांच बजे सतेंद्र का फोन आया और उसने कहा कि मैं मामा के यहां जा रहा हूं। उसने मामा के यहां से दूसरे दिन आने की बात कही। सोमवार की सुबह आठ बजे मृतक के मामा के लड़का का फोन ग्राम गौना आया और बताया कि सत्येंद्र की हत्या हो गई। सूचना मिलने पर परिवार में कोहराम मच गया। माता- पिता व भाई घटनास्थल पर पहुंचे, देखा कि सतेंद्र सिंह (25) का शव पड़ा था। पेट व सीने में गोली के निशान थे। मुंह से खून आ रहा था। घटना की जानकारी चंदेरी पुलिस को दी गई। इस पर पुलिस मौके पर पहुंची। शव को कब्जे में लेकर चंदेरी पुलिस ने पिता की तहरीर पर आरोपियों गोपाल सिंह, भगवत परमार, जितेंद्र सिंह, बृषभान सिंह, सेंदपाल सिंह और भगत सिंह के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया। सत्येंद्र की मौत से ग्राम गौना में गम का माहौल है। -------------- साल भर भी नहीं मिला पति का साथ पिछले साल जून में मध्य प्रदेश के पन्ना जिले में मृतक सत्येेंद्र की शादी हुई थी। लेकिन, यह जोड़ी एक साल भर भी नहीं चल सकी। पत्नी का रो- रोकर बुरा हाल है। ----------------- सीमाएं सील होने पर उठे सवाल जिले में सीमाएं सील होने का दावा किया जा रहा है। खासकर टीकमगढ़ में कोरोना का मरीज मिलने के बाद सीमाओं पर और चौकसी कर दी गई थी, लेकिन इसके बाद भी मृतक सत्येेंद्र जिले की सीमा पार कर गया। यदि वास्तव में सीमाएं सील होती तो शायद सत्येंद्र चंदेरी नहीं जा पाता और उसकी जान बच जाती। ऐसे में सीमाओं पर कड़ी चौकसी के दावे हवाई साबित हो रहे हैं। ------------------ तीन लोगों को मिली जाने की अनुमति लाॅकडाउन के कारण मध्य प्रदेश की सीमा पर पुलिस ने नहीं निकलने दिया। बड़ी मुश्किल से तीन लोगों को चंदेरी जाने की अनुमति मिल सकी।