ललितपुर। जनपद के नवनिर्मित उटारी बांध, भावनी और बंडई बांध इस वर्ष पूरी क्षमता से भरे जाएंगे। इसको लेकर सिंचाई निर्माण खंड ने बांध के भराव क्षेत्र के लोगों को बांध की जमीन में फसल की बुवाई, मवेशी और लोगों को प्रवेश न कराने के निर्देश दिए हैं।
जिले के बार क्षेत्र में उटारी, भावनी और मड़ावरा क्षेत्र में बंडई बांध की परियोजना पूर्ण होने के बाद इन बांधों को पूर्ण क्षमता से भरने की तैयारी सिंचाई विभाग ने शुरू कर दी है। इस वर्ष मानसून के सीजन में इन दोनों बांधों में पानी भरा जाना है। जिस कारण इन बांधों का भराव क्षेत्र बढ़ेगा और कई हेक्टेयर क्षेत्र पानी में डूब जाएगा। बांधों को भरे जाने से बढ़ने वाले भराव क्षेत्र से किसी प्रकार का कोई नुकसान या जनहानि न हो इसके लिए सिंचाई निर्माण खंड पूर्व से तैयारी में जुट गया। इसको लेकर सिंचाई निर्माण खंड डूब क्षेत्र के लोगों से डूब क्षेत्र में फसल की बुबाई न करने, मवेशी व लोगों को प्रवेश न करने की अपील कर रहा है। इतना ही नहीं डूब क्षेत्र में स्थित किसी भी प्रकार की सम्पत्ति होने पर उसे हटाने के लिए भी कह रहा है। इसके बाबजूद भी किसी प्रकार की कोई क्षतिपूर्ति होने पर विभाग की कोई जिम्मेदारी न होने की बात कही। जहां उटारी बांध भरे जाने से ग्राम सूरीकलां, बिल्ला, बड़ोखरा, मिर्चवारा का क्षेत्र प्रभावित होगा। वहीं बंडई बांध भरे जाने पर धौरीसागर, पिसनारी तक पानी का भराव रहेगा। इसी प्रकार भावनी बांध के भरे जाने पर ग्राम भावनी, बछरावनी, जरावली, गहराव, मर्रौली, टीला, कैलोनी, बुरोगांव का क्षेत्र प्रभावित होगा।
यह है बांधों को भरे जाने का प्रस्तावित जलस्तर
बांध के नाम - पूर्ण जलस्तर - प्रस्तावित जलस्तर
उटारी - 326.80 मीटर - 326.80 मीटर
बंडई - 403.50 मीटर - 403.50 मीटर
भावनी - 312.38 मीटर - 311.50 मीटर