कसबा बिरधा निवासी देवेंद्र उर्फ लखन (24 वर्ष) पुत्र गेंदालाल किराने की दुकान पर काम करके अपने परिवार का भरण पोषण करता था, उसका एक छोटा पुत्र भी है। वह रोज की तरह शुक्रवार को काम करके घर आया और खाना खाकर सो गया। सुबह पांच बजे उठकर वह दैनिक क्रियाओं से निवृत्त हुआ। इस बीच पत्नी पानी भरने चली गई और कामकाज में व्यस्त हो गई। सुबह करीब सात बजे देवेंद्र ने अपने घर में रखी रस्सी का फंदा बनाकर म्यांरी से लटक कर फांसी लगा ली। कुछ देर बाद जब पत्नी आई तो यह देखकर वह अवाक् रह गई, उसने तुरंत देवेंद्र के चाचा हरनारायण व अन्य परिजनों को बुलाया। परिजनों ने शव को नीचे उतारा और तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र इलाज के लिए ले गए, अस्पताल में डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस को सूचना मिलने पर शव को कब्जे में ले लिया और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। पोस्टमार्टम कराने आए परिजनों का कहना है कि देवेंद्र का किसी से कोई झगड़ा नहीं हुआ था, उसने किन परिस्थितियों में आत्मघाती कदम उठाया, इस बारे में कोई जानकारी नहीं है।