ललितपुर। जिले में लगातार कोरोना संक्रमितों की संख्या बढ़ रही है, लेकिन अस्पतालों में कोरोना से निपटने की तैयारियां पूरी तरह से ठप हैं। मंगलवार को शासन के निर्देश पर जिला अस्पताल में हुई मॉकड्रिल में व्यवस्थाओं की पोल खुलती नजर आई। यहां न तो कोरोना मरीजों को दी जाने वाली दवाएं मिलीं और ऑक्सीमीटर खराब मिला। ऑक्सीजन सिलिंडर की चाबी भी गायब मिली। इस पर संयुक्त निदेशक स्वास्थ्य झांसी डॉ. आरके सोनी ने कमियां दूर करने के निर्देश दिए।
जिले में लगातार कोरोना के मामले सामने आ रहे हैं। कोरोना से निपटने की तैयारियों को परखने के लिए मंगलवार को जिला अस्पताल में मॉकड्रिल की गई। इसमें चिकित्सकों की टीम पीआईसीयू वार्ड पहुंची। यहां उन्होंने वेंटीलेटर चालू कराए और मरीज के इलाज के बारे में जानकारी ली।
इसके बाद टीम ने वार्ड में मौजूद पैरामेडिकल स्टाफ से कोरोना मरीज को क्या-क्या दवा और इंजेक्शन देने हैं, इस संबध में जानकारी ली। जिस पर पैरामेडिकल स्टाफ ने कुछ दवाएं व इंजेक्शन तो दिखा दिए, लेकिन कुछ दवाएं उपलब्ध नहीं थीं। वार्ड में दो ऑक्सीमीटर थे, जिसमें एक खराब पड़ा था। ऑक्सीजन सिलिंडर चालू करने वाली चाबी गायब मिली।
इसके बाद टीम ने ऑक्सीजन प्लांट का स्थलीय निरीक्षण किया। इससे ऑक्सीजन का उत्पादन हो रहा। संयुक्त निदेशक ने कमियों को दूर करने के निर्देश दिए। इस दौरान मुख्य चिकित्साधीक्षक पुरुष डॉ. राजेंद्र प्रसाद, डॉ. मनीष गुप्ता, डॉ. देशराज, डॉ. चेतन राज, स्टाफ नर्स पवन, मुकेश, पूजा शर्मा मौजूद रहे।
कोरोना को लेकर स्वास्थ्य सेवाओं की तैयारियां परखने के लिए मंगलवार को जिला अस्पताल में मॉकड्रिल का आयोजन किया गया। जिसमें ज्वाइंट डायरेक्टर के निर्देशन में टीम ने पीआईसीयू, ऑक्सीजन प्लांट की स्थिति को परखा।
डॉ. जेएस बक्शी, मुख्य चिकित्साधिकारी