जाखलौन गेहूं खरीद केंद्र की क्षमता एक दिन में तीन सौ क्विंटल गेहूं खरीद की है, लेकिन इसके बाद भी छह सौ क्विंटल गेहूं खरीद के टोकन जारी कर दिए जाते हैं। इस काण किसानों को दिक्कत हो रही है। वह आते हैं और बिना तौल कराए लौट जाते हैं। गेहूं खरीद जिले में पटरी पर नहीं आ पा रही है। कहीं बारदाना की समस्या है तो कहीं पर गेहूं रखने के लिए जगह नहीं होने के कारण तौल ठप हो गई है। कहीं पर तीन सौ क्विंटल गेहूं तौलने की क्षमता है तो वहां पर छह सौ क्विंटल के टोकन जारी कर दिए हैं। इस कारण किसानों को बार- बार परेशान होना पड़ रहा है। उनकी तौल निर्धारित समय पर पूरी नहीं हो पा रही है।