संवाद न्यूज एजेंसी
ललितपुर। मध्य प्रदेश सहित यहां पिछले दिनों से हो रही मूसलाधार बारिश से नदी-नाले उफान पर हैं। बांधों में पानी की आवक ज्यादा होने पर सोमवार रात राजघाट, माताटीला, भावनी, शहजाद, भौंरट, जमरार बांध के गेट खोलकर पानी की निकासी की गई। मंगलवार सुबह जलस्तर सामान्य होने पर गेट बंद कर दिए गए।
यहां 14 बांध परियोजनाएं हैं। मध्य प्रदेश से आने वाली एक दर्जन से अधिक नदियां जनपद से गुजरती हैं। इन दिनों मध्य प्रदेश और जनपद में झमाझम बारिश हो रही है। इस कारण यहां की नदी नाले उफान पर हैं। इससे बांधों का जलस्तर बढ़ने लगा। सोमवार रात राजघाट बांध के आठ गेट खोलकर 82227 क्यूसेक पानी, शहजाद बांध के तीन गेट खोलकर 6060 क्यूसेक, जमरार बांध का एक गेट खोलकर 1325 क्यूसेक, भावनी बांध के पांच गेट खोलकर 5323 क्यूसेक पानी, भौंरट बांध से 750 क्यूसेक पानी की निकासी की गई। बांधों के निचले इलाकों में अलर्ट घोषित रहा।
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लुभा रही बांधों की खूबसूरती, जुट रहे सैलानी
इन दिनों बांधों के लबालब होने और गेट खुलने पर यहां का नजारा खूबसूरत है। इसे देखने के लिए सैलानी राजघाट, माताटीला सहित अन्य बांधों पर पहुंच रहे हैं। सैलानी यहां अपने परिवार के साथ आकर पिकनिक मना रहे हैं।
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बारिश से बांधों में पानी की आवक बढ़ने पर गेट खोलकर पानी की निकासी की गई। आवक कम होने और जलस्तर निर्धारित होने पर गेटों को बंद कर दिया गया। जलस्तर की लगातार निगरानी की जा रही है।
इंजी. भूपेश सुहेरा, अधिशासी अभियंता, सिंचाई खंड