जिला अस्पताल की व्यवस्थाएं सुधरने का नाम नहीं ले रही है। रविवार को ही जिला प्रशासन के कार्रवाई करते हुए अस्पताल परिसर में स्थित हॉस्टल व प्राइवेट वार्ड से अनधिकृत कब्जे हटवाए थे और रविवार की ही रात महिला बच्चा वार्ड में तैनात स्वास्थ्य कर्मी ने शराब के नशे में हंगामा कर दिया। सोमवार की सुबह महिला अस्पताल में प्रसव के बाद इलाज में लापरवाही बरतने पर प्रसूता की मौत हो गई।
शराब के नशे में स्वास्थ्य कर्मी ने वार्ड ब्वाय को पीटा
ललितपुर। जिला अस्पताल में संविदा पर तैनात एक स्वास्थ्य कर्मी पर शराब के नशे में कई बार हंगामा करने का आरोप लगता रहा है। रविवार रात उसने शराब के नशे में एक वार्ड ब्वाय की पिटाई कर दी।
रविवार की रात ग्राम पटौरा कलां निवासी श्रीराम अपनी चार वर्षीय पुत्री संजना का इलाज कराने जिला अस्पताल आए थे। इमरजेंसी में तैनात चिकित्सक ने इलाज लिखकर महिला बच्चा वार्ड में उसे भर्ती करने का कहा। श्रीराम अपनी पुत्री को लेकर वार्ड में पहुंचा, जहां पर तैनात स्वास्थ्य कर्मी विशाल शर्मा को उसने पर्चा दिया। पर्चा लेने के करीब आधे घंटे तक उसने इलाज शुरू नहीं किया, जिससे बच्ची की तबीयत और बिगड़ने लगी। परिजनों ने तबीयत के बारे में जाकर चिकित्सक को बताया।
चिकित्सक ने पर्चा देखा तो उसमें पूरा इलाज दिए जाने के निशान लगे हुए थे, जबकि परिजनों के अनुसार इंजेक्शन, दवा आदि कुछ भी नहीं दिया गया। वार्ड में तैनात वार्ड ब्वाय संतोष यादव ने जब विशाल से बात की, तो नशे में धुत कर्मी ने उसके साथ मारपीट कर दी। अस्पताल में हंगामा की सूचना मिलने पर मौके पर पहुंची कोतवाली पुलिस ने विशाल को हिरासत में ले लिया। सोमवार को उसका शांतिभंग में चालान किया गया। उस पर अस्पताल की महिला स्टाफ ने कई बार शराब के नशे में अभद्रता करने का आरोप लगाया है, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई।
इलाज में लापरवाही से प्रसूता की मौत
ललितपुर। जिला महिला अस्पताल में प्रसव के बाद प्रसूता की मौत हो गई। परिजनों ने अस्पताल स्टाफ पर लापरवाही बरतने का आरोप लगाया है।
मुहल्ला नई बस्ती निवासी निरंजन बबेले की पुत्री जूही को प्रसव पीड़ा होने पर बृहस्पतिवार को जिला महिला अस्पताल में भर्ती कराया। जहां शुक्रवार शाम चार बजे उसने पुत्री को जन्म दिया। प्रसव के बाद प्रसूता के पेट फूलने पर परिजनों ने इस बारे में चिकित्सकों को बताया, लेकिन चिकित्सकों द्वारा दो दिन इलाज पर ध्यान नहीं दिया गया और सोमवार की सुबह प्रसूता की मौत हो गई। मृतका के परिजनों ने आरोप लगाया कि कई बार कहने के बाद भी इलाज करने के लिए कोई चिकित्सक नहीं आया। पेट फूलने की शिकायत करने के बावजूद भी चिकित्सकों ने अल्ट्रासाउंड नहीं कराया और इलाज के लिए टालते रहे।
कालोनी खुद खाली करें अन्यथा होगी कार्रवाई
रविवार को जिला अस्पताल में अवैध रहवासियों के खिलाफ हुई कार्रवाई के बाद भी कालोनी में निवास करने वाले अवैध रहवासियों को छोड़ने की अमर उजाला की खबर का जिलाधिकारी डा. रूपेश कुमार ने संज्ञान लिया है। जिलाधिकारी ने बताया कि सीएमएस डा. संजय वासवानी को बता दिया गया है कि कालोनी में रहने वाले अवैध रहवासियों को सूचित कर दिया जाए कि वह कालोनी के आवास खुद ही खाली कर दें। अन्यथा तीन दिन के अंदर प्रशासन द्वारा दोबारा कार्रवाई की जाएगी और कालोनी से सभी अवैध रहवासियों को बाहर निकाला जाएगा।