जगन के परिजनों ने लगाया पुलिस पर सांठगांठ का आरोप
हत्याकांड में शामिल अन्य आरोपियों को गिरफ्तार करने की मांग की
अमर उजाला ब्यूरो
ललितपुर। शहर कोतवाली अंतर्गत पनारी गांव के पास जगनलाल की हत्या कर शव फेंकने के आरोप में पुलिस ने इनामी हत्यारोपी को भले ही गिरफ्तार कर लिया हो, लेकिन मृतक के परिजनों ने हत्या में कुछ अन्य आरोपियों के शामिल होने का आरोप लगाते हुए डीएम और एसपी को शिकायतीपत्र सौंपकर कोतवाली पुलिस पर अन्य आरोपियों से साठगांठ कर छोड़ने का आरोप लगाया है।
मृतक की पत्नी तारादेवी ने डीएम और एसपी को दिये प्रार्थनापत्र में बताया कि तीन साल पहले उसके पति जगनलाल की हत्या गांव के एक व्यक्ति ने अन्य गांव के लोगों से मिलकर कर दी थी। इसका मामला भी कोतवाली पुलिस ने दर्ज किया है। आरोप लगाया कि कोतवाली पुलिस ने बीते 19 जुलाई को राजा भैया यादव को जेल भेज दिया। साथ घटना में लिप्त अन्य आरोपियों को पुलिस ने साठगांठ कर छोड़ दिया। गौरतलब हो कि कोतवाली के पनारी गांव स्थित खेत में तीन साल पहले नरकंकाल मिलने से क्षेत्र में सनसनी फैल गई थी। 21 अक्तूबर 2015 को जिययावन गांव निवासी तारा की सूचना के आधार पर पुलिस ने उसके पति जगनलाल उर्फ कल्लूकी हत्या के आरोप में जिजयावन निवासी राजा भईया पर उसके पति को साथ ले जाने व जमीनी विवाद के चलते हत्या की रिपोर्ट दर्ज कर ली थी। पूर्व में हुए विवादों के मद्देनजर पुलिस ने मुकदमा तो दर्ज कर लिया, परन्तु इसमें लीपापोती करना प्रारंभ कर दी। जब प्रयोगशाला में कंकाल को भेजा गया, तो वह कल्लू से मात्र 50 प्रतिशत ही मिलान किया। पुलिस को रफादफा करने का आधार मिल गया। जिस पर पुलिस फाइनल रिपोर्ट की तैयारी कर ली। किंतु पीड़ित परिवार ने हार नहीं मानी, जिसका परिणाम यह हुआ कि पुलिस को दो दिन पहले घटना के मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर जेल दिया। मृतका की पत्नी ने बताया कि जगन की हत्याकांड में अन्य आरोपी भी शामिल हैं। जिन्हें पुलिस ने हिरासत में लेकर पूछताछ की थी। लेकिन बाद में छोड़ दिया गया।
वर्जन
मामले की जानकारी है और आरोपी राजाभैया ने हत्या करने का आरोप स्वीकार किया है। हालांकि हत्यारोपी राजाभैया ने बताया कि अन्य ग्रामीणों ने उसके साथ मारपीट की थी। जिसकी जांच की जा रही है।
डा. ओपी सिंह, पुलिस अधीक्षक