फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

योजनाओं में हुए भ्रष्टाचार के मामले में बैठी जांच, नई कमेटी गठित

विज्ञापन
विज्ञापन
योजनाओं में हुए भ्रष्टाचार के मामले में बैठी जांच
विज्ञापन

डीएम ने एडीएम की अध्यक्षता में गठित की टीम
अमर उजाला ब्यूरो
ललितपुर। विकासखंड बार अंतर्गत ग्राम पंचायत कैलगुवां में पूर्व के वर्षों के दौरान सरकारी योजनाओं में हुए भ्रष्टाचार और निजी, सरकारी जमीनों पर अवैध कब्जे की जांच के मामले में नए सिरे से जांच कमेटी गठित कर दी गई है। इससे पहले जिला समाज कल्याण अधिकारी इसमें जांच अधिकारी रहे। लेकिन, उनके निलंबन के उपरांत डीएम ने नई जांच कमेटी बना दी है। यही नहीं, इसकी सुनवाई का दिन भी तय कर दिया गया है।
विज्ञापन

सरकारी योजनाओं में व्याप्त भ्रष्टाचार के मामले में ग्राम पंचायत कैलगुवां लंबे समय से सुर्खियों में बना हुआ है। आरोप है कि यहां पूर्व के वर्षों में विभिन्न योजनाओं का पैसा डकार लिया गया है। इस दौरान यहां के जनप्रतिनिधि को दबाव में लेते हुए योजनाओं में कई गड़बड़ियां बरती गई। इसका मामला तब खुला जब यहां के रोजगार सेवक को हटाने की कार्रवाई अमल में लाई गई। पहले तो रोजगार सेवक को दुत्कार मिली। लेकिन जब उसने बार-बार पत्राचार जारी रखा तो डीएम ने जिला समाज कल्याण अधिकारी रिंकू सिंह राही को जांच अधिकारी बना दिया। उन्होंने जांच शुरू की तो भ्रष्टाचार की परते खुलने लगी। उन्होंने अपनी अनंतिम जांच आख्या में दोषियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराने की संस्तुति की थी। जिस पर डीपीआरओ ने कोई भी ठोस कार्रवाई नहीं की और फाइल यूं ही पड़ी रही। अब जब कि जिला समाज कल्याण अधिकारी रिंकू सिंह राही राजकीय आश्रम पद्धति के स्टाफ के उत्पीड़न के आरोप में निलंबित हो गए हैं तो डीएम मानवेंद्र सिंह ने नए सिरे से समिति गठित कर दी। जांच टीम अध्यक्ष एडीएम योगेंद्र बहादुर सिंह ने बताया कि 24 जून दिन रविवार को ग्राम पंचायत कैलगुवां में जांच की जाएगी। ऐसे व्यक्ति जो इस जांच से सरोकार रखते हों, जिन्हें भी इस जांच के संबंध में कोई सबूत अथवा बयान जांच समिति के समक्ष दर्ज कराना हो, वे सुबह 10 बजे से ग्राम पंचायत कैलगुवां में उपस्थित रहकर जांच टीम के समक्ष बयान दर्ज कर सबूत सौंप सकते हैं। ऐसे व्यक्ति जो उक्त तिथि को किसी कारणवश अपना बयान दर्ज करने में अक्षम हो तो वे 25 एवं 26 जून को एडीएम के कार्यालय में उपस्थित होकर अपना बयान दर्ज करा सकता है। इससे ग्राम पंचायत में पूर्व में कार्य कर चुके अधिकारी एवं दबंग व्यक्ति घिरते दिखाई दे रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें