संवाद न्यूज एजेंसी
ललितपुर। खेतों में खड़ी गेहूं की फसल को पानी देने के लिए शुक्रवार को गोविंद सागर बांध से निकली नहर को खोल दिया गया। इससे किसानों को लाभ मिलेगा।
गोविंद सागर बांध सबसे पुराने बांधों में से एक है। इसका पूर्ण जलस्तर 363.93 मीटर और न्यूनतम 357.83 मीटर है। बांध से फसलों की सिंचाई के लिए करीब 190 किलोमीटर दाईं व बाईं नहर प्रणाली संचालित है। रजवाहा व माइनर भी निकले हैं। इनके माध्यम से करीब बीस हजार हेक्टेयर भूमि सिंचित होती है। रबी के सीजन में मटर, मसूर, चना, गेहूं, जौ सहित अन्य फसलों की सिंचाई के लिए रोस्टर के अनुसार नहर को पानी उपलब्ध कराया जाता है। इस वर्ष रबी के सीजन में नहरों का संचालन करने के लिए नवंबर में रोस्टर बनाया गया था। करीब दो बार गोविंद सागर बांध की नहर को रोस्टर के अनुसार खोला जा चुका है। सिंचाई विभाग ने अब गोविंद सागर बांध की दाईं नहर को शुक्रवार को खोल दिया। अधिशासी अभियंता राजघाट निर्माण खंड इं. मनमोहन ने बताया कि रोस्टर के अनुसार बांध से निकली नहर को खोला गया है। इससे फसलों को पानी उपलब्ध होगा और करीब बीस हजार किसान लाभान्वित होंगे।