विधायकों ने भी रखी अपनी बात
अपर मुख्य सचिव वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग मनोज सिंह ने कहा कि हिंसक जीवों के हमलों को रोकने के लिए प्रशिक्षित वन कर्मियों की क्विक रिस्पांस टीम को ही मौके पर भेजने के निर्देश दिए गए हैं। विधायक योगेश वर्मा, शशांक वर्मा, विनोद शंकर अवस्थी ने भी अपनी बात रखी। इस मौके पर एसपी गणेश प्रसाद साहा, डीएफओ संजय विश्वाल, सौरीष सहाय, डीडी दुधवा टी रंगाराजू, सीडीओ अभिषेक कुमार, एडीएम संजय सिंह आदि मौजूद रहे। डीएफओ संजय बिस्वाल ने बाघ मित्रों के बारे में जानकारी दी। रेंजवार बाघ के मूवमेंट की स्थिति भी बताई।
ग्रामीणों को किया जा रहा जागरूक: डीएम
डीएम दुर्गा शक्ति नागपाल ने कहा कि जिले में अभियान चलाकर आमजन को सजग किया जा रहा है। संवेदनशील ग्रामों में लाइट सहित अन्य जरूरी चीजों की व्यवस्था करने के साथ ही जनमानस को जागरूक किया जा रहा है। वन विभाग प्रभावी क्षेत्रों में सूचना मिलने पर टीमों को भेजकर पिंजरे लगाते हैं। गांवों में पंपलेट, वॉल पेंटिंग आदि लोगों जागरूक किया जा रहा है।
बाघ को बेहोश करने की अनुमति मिली, पहुंचे डॉक्टर
जंगल से निकलकर आबादी में चहलकदमी और ग्रामीणों पर हमला करने वाले बाघ को बेहोश करने की अनुमति मिल गई है। डॉक्टरों और विशेषज्ञों की टीम भी जिले में आ चुकी है। एक सप्ताह पूर्व बाघ के हमले में हैदराबाद थाना के इमलिया गांव निवासी अमरेश कुमार की जान जाने के बाद वन विभाग ने बाघ को पकड़ने की कवायद तेज की है।
दुधवा के फील्ड डायरेक्टर ललित कुमार ने बताया कि बाघ को बेहोश कर पकड़ने की अनुमति दो पूर्व मिल गई थी। डाक्टरों की टीम भी जिले में आ चुकी है। टीम, बाघ के लोकेशन वाले गांव में ही है। सुविधानुसार कार्रवाई करेंगे।