एनडीआरएफ टीम के साथ तहसीलदार ने किया दौरा
शारदा नदी का जलस्तर कम होने का नाम नहीं ले रहा है। बाढ़ के चलते निचले कई गांव टापू में तब्दील हो गए हैं। उधर एनडीआरएफ टीम भी यहां पहुंची और बाढ़ प्रभावित गांवों का दौरान तहसीलदार के साथ किया। टीम ने गांवों को देखने के बाद बाढ़ की रिपोर्ट भेजने की बात कही है। केंद्रीय जल आयोग के स्थानीय कार्यालय के जेई अतुल कुमार पचौरी ने बताया कि बीते दो दिनों से वर्षा तो नहीं हुई है लेकिन सिल्ट के कारण नदी का जलस्तर कम नहीं हो रहा है। बताया कि नदी का जलस्तर सोमवार की शाम चार बजे तक भी 154.500 सेमी पर बह रहा था तथा यह आयोग के खतरे के निशान से अभी भी ऊपर है। बाढ़ ने इलाके के नयापुरवा, खालेपुरवा, कुंवरपुर कलां आदि गांवों को तो टापू में तब्दील कर दिया है। जबकि भीरा क्षेत्र के दौलतापुर, कचनारा, मटैहिया, इमलिया फार्म, नानक फार्म आदि गांव भी इसकी चपेट में अभी भी हैं। उधर तहसीलदार भगवानदीन वर्मा से एनडीआरएफ टीम ने मुलाकात की। एनडीआरएफ टीम के इंस्पेक्टर प्रशांत पर्व, सब इंस्पेक्टर मुनि आदि ने तहसीलदार से वार्ता करने के बाद बाढ़ प्रभावित कुंवरपुर कलां, खालेपुरवा, नयापुरवा आदि गांवों का निरीक्षण किया। टीम ने यहां से रिपोर्ट भेजने की बात भी कही। इस बाबत नयापुरवा के ग्रामीणों ने घरों के बीच से बने नाले को बोरियों व मिट्टी से भरवाने की मांग की है जिससे प्रभावित आबादी में बाढ़ का पानी गांव के अंदर न जाए और लोगों को दिक्कतें न आएं। तहसीलदार ने मामले को गंभीरता से लिया है।