उत्पाती हाथियों ने धान और गन्ने की कई एकड़ फसल रौंदी
रेंजर ने ग्रामीणों को दिया उचित मुआवजे का आश्वासन
ममरी। मोहम्मदी रेंज में सहजनिया गांव के किसानों के खेतों में उत्पात मचा रहे नेपाली हाथियों को भगाने गए ग्रामीणों और वन कर्मियों को हाथियों ने दौड़ा लिया। हमले में दो वनकर्मी खेत में गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए। हाथियों ने कई किसानों की कई एकड़ धान गन्ने की फसल रौंदकर तहस-नहस कर डाली।
रेंजर नरेश पाल सिंह ने बताया कि बृहस्पतिवार की रात सहजनिया गांव के पास आ पहुंचे हाथियों के झुंड ने किसानों के खेतों में उत्पात मचाना शुरू कर दिया है। मौके पर मौजूद वन कर्मियों ने ग्रामीणों को साथ लेकर जब शोर मचाकर उन्हें भगाने का प्रयास किया तो हाथियों ने उल्टे वन कर्मियों और ग्रामीणों को दौड़ा लिया। इससे दो वन कर्मी वनरक्षक अभिषेक वर्मा, वॉचर लिटिल गुप्ता भागते वक्त खेत में गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए। गनीमत रही हाथी दोनों को पकड़ नहीं पाए। हाथियों ने सहजनिया के किसान जगजीत का एक एकड़, अशोक के तीन बीघा, सुवालाल के तीन बीघा, लखविंदर के तीन बीघा, राकेश के दो बीघा, छत्रपाल के दो बीघा, शिव कुमार के दो बीघा, धान हरनाम का दो बीघा, सुहाग लाल का दो बीघा गन्ना रौंदकर तहस-नहस कर डाला।
हाथियों के बढ़ते उत्पात और हमले से ग्रामीणों और वन कर्मियों में दहशत है। रेंजर नरेश पाल सिंह, डिप्टी रेंजर सुरेंद्र पाल वन कर्मियों की टीम, एसटीपीएफ के जवानों के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने किसानों के हुए नुकसान का निरीक्षण किया और उन्हें उचित मुआवजा दिलाने का आश्वासन दिया।