लखीमपुर खीरी। बिजली चोरी रोकने के लिए प्रदेश सरकार सख्त है। ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा भी इसको लेकर गंभीर हैं, लेकिन ढखेरवा पुलिस चौकी के सिपाहियों और बिजली कर्मियों के बीच हुए विवाद में पुलिस की चोरी खुलकर सामने आ गई। इस खेल में बिजली विभाग के अफसरों की भी संलिप्तता सामने आई है। हालांकि बिजली अफसर अब अपना पल्ला झाड़ रहे हैं।
थाना निघासन की ढखेरवा चौकी पुलिस ने गुरुवार की शाम बिजली लाइन ठीक कर आ रहे बिजली कर्मी प्रशांत श्रीवास्तव को रोक लिया था। वाहन चेकिंग कर रही ढखेरवा चौकी पुलिस ने पास दिखाने के बाद उसका चालान कर दिया था। इससे नाराज बिजली कर्मियों ने खंभे से कटिया डालकर जलाई जा रही पुलिस चौकी की बिजली काट दी थी। इससे नाराज चौकी के सिपाहियों ने उपकेंद्र ढखेरवा के एसएसओ विनोद मौर्या, लाइनमैन विनोद गौतम और सुस्मेश की कमरे में बंद कर पिटाई कर दी थी।
इसके अलावा जिले की खमरिया, बेलरायां समेत कई ऐसी पुलिस चौकियां हैं, जहां बिजली कटिया डालकर ही जलाई जा रही है। इन चौकियों में कनेक्शन नहीं हैं। पुलिस ने निकट लगे बिजली के खंभों से तार जोड़ रखे हैं। लोग समझते हैं कि इन चौकियों पर कनेक्शन है।
आंकिक विभाग से जमा होता है बिल
लखीमपुर खीरी। जिले के थानों, पुलिस चौकियों, पुलिस दफ्तरों और पुलिस लाइन का बिल पुलिस विभाग की आंकिक शाखा से जमा होता है। थाना प्रभारी अपने-अपने थानों के बिल आंकिक शाखा को भेजते हैं। जहां से पुलिस महकमा बिजली के बिलों का भुगतान करता है।
- पूर्व में हर थाना और चौकियों पर सरकार ने कनेक्शन करने के आदेश दिए थे। इसलिए बिजली कनेक्शन होगा। हो सकता है कि मीटर आदि खराब हो गया हो। इसे दिखवाते हैं, जहां कनेक्शन नहीं होगा। उन थानों और चौकियों पर कनेक्शन कराया जाएगा।
-अरविंद सिंघल अधीक्षण अभियंता बिजली विभाग लखीमपुर खीरी