मितौली। कस्बे में राजा लोने सिंह की गढ़ी स्थित खंडहरनुमा शिव मंदिर के पास सोमवार को युवक और युवती के शव मिलने की गुत्थी धीरे-धीरे सुलझ रही है।सीसीटीवी फुटेज में मृतका उमा के साथ जाती दिखी उसकी सहेली से बुधवार को पुलिस ने पूछताछ की। सहेली ने बताया कि उमा और रावेंद्र टीले पर चले गए थे और वह मजार में प्रसाद चढ़ाने चली गई। इस दौरान दो गोलियां चलने की आवाज आई तो वह साइकिल लेकर अस्पताल में ड्यूटी करने चली गई।
पुलिस के अनुसार, उमा ने जिस नंबर पर आखिरी बार बात की थी, ये वही युवती है जो सीसीटीवी फुटेज में उमा के साथ जाती दिख रही है। पूछताछ में उमा की सहेली ने बताया कि घटना वाले दिन उसकी उमा से सुबह करीब 8:45 बजे के करीब बात हुई थी। इसके कुछ ही देर बाद वह दोनों अलग-अलग साइकिल से गढ़ी पर गईं थी। दोनों ने शहीद मर्द बाबा की मजार के कुछ पहले ही अपनी अपनी साइकिलें खड़ी कर दीं। इसके बाद उमा और रावेंद्र टीले पर चढ़ गए और वह मजार पर प्रसाद चढ़ाने चली गई।
मजार से बाहर आने के कुछ देर बाद ही उसे दो बार गोली चलने की आवाज सुनाई दी। इससे वह सन्न रह गई और साइकिल लेकर मौके से भाग गई। वह सीधे निजी अस्पताल में अपनी ड्यूटी पर पहुंच गई। पुलिस ने उमा की सहेली की इन बातों की पुष्टि के लिए मजार पर रहने वाले युवक से भी पूछताछ की है। इस पर उसने भी यही बताया।
जो भी हुआ... 20 मिनट में हुआ
मितौली। पुलिस की जांच और सीसीटीवी फुटेज के मुताबिक, अनुमान है कि घटना करीब बीस मिनट में हुई होगी। पुलिस जांच कर रही है कि दोनों के बीच आखिर ऐसा क्या हुआ होगा जो ऐसी वारदात हो गई। थाना प्रभारी राजू राव ने बताया कि उमा की सहेली से पूछताछ के बाद भी अन्य पहलुओं पर जांच की जा रही है। दोनों पक्षों की तहरीर पर भी गहनता से जांच जारी है।
अभी तक रिपोर्ट दर्ज नहीं
उमा भारती निवासी मुरादपुर थाना मैगलगंज और रावेंद्र निवासी कल्लुआमोती की मौत के मामले में दोनों के परिजनों ने अलग-अलग तहरीर देकर हत्या का आरोप लगाया है। हालांक अब तक पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज नहीं की है। पुलिस का कहना है कि अब तक की जांच के आधार पर यही कहा जा सकता है कि पहले रावेंद्र ने उमा को गोली मारी और फिर खुद को गोली से उड़ा लिया।