- जुर्माना अदा करने के बाद दोनों अधिकारी न्यायिक अभिरक्षा से मुक्त किए गए
- श्रमिक की मौत के मामले में दोनों के खिलाफ कारखाना एक्ट में दर्ज हुआ था मुकदमा
संवाद न्यूज एजेंसी
लखीमपुर खीरी। डीसीएम श्रीराम लिमिटेड अजबापुर शुगर फैक्ट्री के दो अधिकारियों को सीजेएम अशोक कुमार ने सजा सुनाई है। श्रमिक की मौत के मामले में दोनों अधिकारियों के खिलाफ कारखाना एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था, जिसमें जीएम और मैनेजर ने अपने वकील के साथ आकर आत्मसमर्पण कर दिया। अदालत में गुनाह कबूल करने की अर्जी देते हुए बताया उनसे गलती हुई है, कम से कम सजा दी जाए।
बताते चलें कि अजबापुर शुगर फैक्ट्री में पर्याप्त सुरक्षा इंतजाम न होने के कारण 13 सितंबर 22 को चीनी मिल संचालन के दौरान श्रमिक बलराज सिंह पुत्र सरबजीत सिंह की मशीनों में फंसने के कारण अस्पताल में मौत हो गई थी। परिजनों के विरोध प्रदर्शन और हंगामे के बाद जिला प्रशासन के आदेश पर कारखाना निरीक्षक की ओर से सुरक्षा इंतजाम को लेकर मौका मुआयना किया गया था और श्रमिकों की सुरक्षा के लिए माकूल इंतजाम न होने की पुष्टि करते हुए सीजेएम अदालत में जीएम केके शर्मा मैनेजर पंकज सिंह के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था।
इसमें कोर्ट से समन जारी किए जाने के बाद, दोनों अधिकारियों ने अपने वकील के साथ आत्मसमर्पण कर दिया। अदालत ने गुनाह कबूल करने की अर्जी देते हुए बताया कि लगाए गए आरोप उन्हें पूरी तरह स्वीकार है लेकिन उन्हें कम से कम सजा दी जाए, अदालत में दोनों को न्यायिक अभिरक्षा में लेने के बाद, उन पर 35000-35000 रुपये का जुर्माना लगाया है, जिसे अदा करने के बाद दोनों अधिकारियों को न्यायिक अभिरक्षा से मुक्त किया गया।