पन्ने और रजिस्टर पर उत्तर लिखते बच्चे-संवाद
लखीमपुर खीरी। परिषदीय स्कूलों के बच्चों की सत्रीय (तिमाही) परीक्षा बुधवार से कराई जा रही है। जल्दबाजी में कराई जा रही इस परीक्षा की सिर्फ खानापूर्ति हो रही है। कई जगह तो बच्चों को कॉपियां ही मुहैया नहीं हो पाईं।
विभाग की ओर से तिमाही परीक्षा का कोई बजट जारी नहीं किया है। जिले में 3106 परिषदीय स्कूलों का संचालन किया जा रहा है। स्कूलों में करीब साढ़े पांच लाख से ज्यादा बच्चे पंजीकृत हैं। 18 से लेकर 24 सितंबर के बीच तिमाही परीक्षा संपन्न होनी है। विभाग ने परीक्षा को लेकर पहले ही तैयारी पूरी कर ली थी।
परीक्षा को लेकर कोई बजट न होने की वजह से तमाम अव्यवस्थाएं हावी रहीं। शासन से आए आदेश में बच्चों की परीक्षा और रिपोर्ट कार्ड अभिभावकों को दिखाने के आदेश है। दो दिनों की परीक्षा की पड़ताल की गई तो मामला खुला। कुछ ही स्कूलों में अध्यापकों ने खुद के खर्चे पर परीक्षा कॉपियां मंगाकर बच्चों को दीं, बाकी स्कूलों के बच्चे पन्नों पर परीक्षा देते नजर आए।
ब्लैक बोर्ड पर प्रश्न देखकर बच्चों ने लिखे उत्तर
परिषदीय स्कूलों के बच्चों के लिए अध्यापकों ने ब्लैक बोर्ड पर विषय संबंधी प्रश्न लिखे। इसके बाद बच्चों ने देख देखकर पन्नों पर जवाब लिखे। नाम न छापने की शर्त पर अध्यापकों ने बताया कि तिमाही परीक्षा के लिए कोई बजट नहीं मिलता है। लिहाजा अपने स्तर से ही परीक्षा कराई जा रही है। बच्चों को लिखी गई कॉपियां अभिभावकों को दिखाई जाएंगी।
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परीक्षा कराने को लेकर शासन की ओर से निर्देश मिले हैं। परीक्षा कराई जा रही है। अध्यापक अपने स्तर से ही परीक्षा करा रहे हैं। उत्तर लिखे पन्नों और उत्तर पुस्तिकाओं को सहेजकर रखने के निर्देश हैं।
प्रवीण कुमार तिवारी, बीएसए