लखीमपुर खीरी। परिषदीय विद्यालयों में कार्यरत रसोइये आग से बचाव के लिए आयोजित प्रशिक्षण में नहीं पहुंच रहे हैं। चार दिन में एक भी रसोइये ने प्रशिक्षण नहीं लिया है। अग्निशमन विभाग इनके आने का इंतजार कर रहा है।
जिले में एमडीएम बनाने के दाैरान स्कूलों में कई हादसे हो चुके हैं। ऐसे में अग्निशमन विभाग ने रसोइयों को प्रशिक्षित करने का जिम्मा उठाया। विभाग ने बीएसए को लेटर जारी करते हुए प्रशिक्षण का रोस्टर भी भेज दिया। रोस्टर के मुताबिक 15 अगस्त से ब्लॉकवार रसोइयों को जिला मुख्यालय पर बने कार्यालय बुलाया गया था, लेकिन चार दिन में एक भी रसोइया फायर स्टेशन नहीं पहुंचा। अग्निशमन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि शिक्षा विभाग के अधिकारी मामले को लेकर गंभीर नहीं दिखाई दे रहे हैं।
करीब 9500 की है जिले में तैनाती
परिषदीय स्कूलों में एमडीएम बनाने के लिए करीब 9500 रसोइयों की तैनाती हैं। एमडीएम बनाने के लिए महज दो हजार रुपये मानदेय दिया जा रहा है। सूक्ष्म मानदेय पर काम करने वाले रसोईयों के जीवन की सुरक्षा को लेकर विभागीय अधिकारी सजग नहीं दिखाई दे रहे हैं।
ब्लॉकवार रोस्टर की तिथि
15 अगस्त को लखीमपुर, 16 अगस्त को नकहा, 17 अगस्त को फूलबेहड़, 18 अगस्त को बेहजम, 19 अगस्त को मितौली, 20 अगस्त को कुम्भी, 21 अगस्त को बांकेगंज, 22 अगस्त को धौरहरा, 23 अगस्त को ईसानगर, 24 अगस्त को रमियाबेहड़, 25 अगस्त को निघासन, 26 अगस्त को पलियाकलां, 27 अगस्त को बिजुआ, 28 अगस्त को मोहम्मदी, 29 अगस्त को पसगवां।
अग्निशमन की तरफ से ब्लॉकवार रोस्टर मिला था, लेकिन अधिक दूरी होने और स्कूल में कार्य प्रभावित होने को लेकर अधिकारियों से ब्लॉक व तहसील स्तर पर प्रशिक्षण कराने की बात कही गई है। जल्द ही सभी रसोइयों को निर्देशित किया जाएगा।
- प्रवीण कुमार तिवारी, बीएसए