मैलानी। मैलानी-बहराइच रेलखंड के बेलरायां और दुधवा स्टेशनों के बीच ट्रैक पर पेड़ गिरने से बहराइच-मैलानी पैसेंजर दो घंटा जंगल में ही खड़ी रही। ट्रेन की लोकेशन न मिलने से रेल महकमे में खलबली मच गई। इसके बाद एक पॉवर (इंजन) और फिर दुर्घटना सहायता गाड़ी एआरटी को भेजने की तैयारी की गई लेकिन ट्रेन के दुधवा पहुंचने पर एआरटी को भेजा नहीं गया।
मीटरगेेज के मैलानी-बहराइच खंड पर संचालित ट्रेन नंबर 05356 बहराइच-मैलानी अनारक्षित विशेष गाड़ी बेलरायां से सुबह आठ बजकर 53 मिनट पर चलने के बाद निर्धारित समय में दुधवा नहीं पहुंची और इस ट्रेन का संपर्क भी कंट्रोल से टूट गया। काफी देर तक ट्रेन की कोई लोकेेशन न मिलने पर महकमे में खलबली मच गई। कंट्रोल ने ट्रेन का पता लगाने के लिए पहले मैलानी से एक पॉवर (लाइट इंजन) मौके पर भेजने का आदेश दिया। फिर थोड़ी ही देर बाद इस आदेश को निरस्त कर मैलानी से दुर्घटना सहायता गाड़ी एआरटी को भेजने का आदेश किया। इसके लिए दोपहर बारह बजे यहां हूटर बजाया गया। हूटर बजते ही ब्रेक डाउन से जुड़े सभी कर्मचारी और अधिकारी आनन-फानन एआरटी के पास पहुंच गए। एआरटी मूव होने वाली ही थी कि तब तक ट्रेन के सुरक्षित दुधवा पहुंचने की सूचना मिल गई। तब जाकर रेल अधिकारियों ने राहत की सांस ली।
जनसंपर्क अधिकारी महेश गुप्ता ने बताया कि बेलरायां और दुधवा स्टेशन के बीच ट्रैक पर दो जगह साखू के पेड़ गिर गए थे। इस कारण ट्रेन को जंगल में खड़े रहना पड़ा। ट्रैक सही होने पर 140 मिनट बाद ट्रेन गंतव्य के लिए रवाना हुई। स्टेशन अधीक्षक रमेश कुमार ने बताया कि ट्रैक पर गिरे पेड़ों को किसी तरह हटाकर ट्रैक क्लियर किया गया। तब जाकर ट्रेन आगे के लिए रवाना हो सकी।