लखीमपुर के कोविड अस्पताल में रखे आक्सीजन सिलिंडर। संवाद
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लखीमपुर खीरी। नकहा के जगसड़ स्थित कोविड अस्पताल में कर्मचारियों की सजगता से हादसा टल गया।
बुधवार रात आंधी पानी आने से कोविड अस्पताल में बिजली चली गई। इससे ऑक्सीजन कंसिलेटर ने काम करना बंद कर दिया, जिससे आईसीयू में भर्ती मरीजों को ऑक्सीजन पहुंचनी बंद हो गई और मरीज परेशान हो उठे। बताते हैं कि इस बीच कर्मचारी जब जनरेटर चलाने दौड़े तो उसकी बेल्ट भी टूटी मिली। इससे मौजूद जिम्मेदारों के हाथ पांव फूल गए। बताते हैं कि जगसड़ में 48 मरीज भर्ती है, जिसमें 33 मरीज ऑक्सीजन के सहारे कोरोना से जंग लड़ रहे हैं। जनरेटर की बेल्ट टूटने की जानकारी होने पर एक कर्मचारी को नकहा भेजकर उसे मंगाया गया। इसके बाद जनरेटर चलने से स्थिति सामान्य हुई। कोविड अस्पताल प्रभारी डॉ. अमितेश दत्त द्विवेदी का कहना है कि अस्पताल में कुल 48 मरीज भर्ती हैं, इसमें 33 आईसीयू में और 15 आइसोलेशन वार्ड में है। बिजली जाने पर जिन मरीजों को मशीन से ऑक्सीजन दी जा रही थी उन्हें सिलिंडर से सप्लाई दी गई। सीएमओ डॉ. मनोज अग्रवाल का कहना है कि कोविड अस्पताल में जनरेटर भी है, जिससे मरीजों को किसी प्रकार की कोई दिक्कत न होने पाए। बिजली जाने से ऑक्सीजन सप्लाई प्रभावित होने की जानकारी नहीं है। ऑक्सीजन के लिए कंसिलेटर मशीन के साथ सिलिंडर की भी व्यवस्था है, जिससे मरीजों को कोई दिक्कत न हो। संवाद