फूलबेहड़। श्रीनगर गांव में बुखार के साथ डिप्थीरिया ने पांव पसारने शुरू कर दिए है। गांव निवासी फकरुद्दीन की पुत्री इल्मा (9) की जिला अस्पताल में मौत हो गई। अब इसी घर की दो बच्चियां बी बुखार और डिप्थीरिया से पीड़ित है। इनका जिला अस्पताल में इलाज चल रहा है।
फूलबेहड़ थाना क्षेत्र के गांव श्रीनगर निवासी फकरुद्दीन ने बताया कि मंगलवार को नौ वर्षीय पुत्री इल्मा को तेज बुखार के साथ गले में तेज दर्द हुआ। परिजन उसे शहर के एक निजी अस्पताल लेकर पहुंचे। दो दिन इलाज चला। सुधार न होने पर शुक्रवार रात लड़की को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां उसकी मौत हो गई।
शनिवार सुबह परिजन अंतिम संस्कार करके घर लौटे। इस बीच फकरूद्दीन की बहन सालिहा (15) बुखार के साथ गले में तेज दर्द से तड़प रही थी। परिजन ने उसे प्राइवेट डॉक्टर को दिखाया। दवा दिलाकर घर लौटे तो देखा कि सात वर्षीय बेटी इरम भी दर्द और बुखार से तड़प रही थी।
आनन-फानन उसे भी प्राइवेट डॉक्टर के पास ले गए। हालत में सुधार न होने पर परिजन रविवार सुबह दोनों लड़कियों को जिला अस्पताल ओयल में भर्ती कराया। जहां दोनों का इलाज चल रहा है। हालत गंभीर बनी है।
-
श्रीनगर गांव में डिप्थीरिया से एक बच्ची की मौत हुई है। उसी घर की दो लड़कियां भी इसी बीमारी से पीड़ित हैं। उनका इलाज जिला अस्पताल में चल रहा है। सोमवार को डब्लूएचओ और स्वास्थ्य विभाग की टीम गांव जाएगी। गांव में जांच और टीकाकरण कराया जाएगा।
- डॉ. पवन कुमार, सीएचसी अधीक्षक फूलबेहड़
गांव में कूड़े के ढेर और नालियां चोक
फूलबेहड़। श्रीनगर गांव में बीमारी से एक बालिका की मौत के बाद हड़कंप मचा है। गांव में जगह-जगह कूड़े के ढेर लगे हैं। नालियां चोक हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि गांव में फागिंग और एंटी लार्वा दवा का छिड़काव नही कराया गया। गंदगी के कारण गांव में भयंकर मच्छर पनप रहे हैं। गांव के नाजिर, कल्लू, मुनीश ने बताया कि गांव में सफाई कर्मी तो तैनात है लेकिन जब कोई बड़ा अधिकारी गांव में आता है। तभी सफाई होती है।
इल्मा फाइल फोटो
इल्मा फाइल फोटो
इल्मा फाइल फोटो