लखीमपुर खीरी। शहर की सड़कों पर फर्राटा भर रहे ई-रिक्शा के संचालकों की मनमानी पर रोक लगाने की तैयारी है। यातायात व्यवस्था में बाधा बन रहे इन रिक्शों के लिए यातायात पुलिस रूट चार्ट लागू करने की रूपरेखा तैयार कर रही है। ई-रिक्शा को एक कलर कोड दिया जाएगा। उसी हिसाब से उसका रूट निर्धारित होगा।
निर्धारित रूट से अलग संचालन पर कार्रवाई की जाएगी। गौरतलब है कि शहर में जाम की एक बड़ी वजह सड़क पर बेतरतीब खड़े ई-रिक्शा हैं। चालक नियमों की अनदेखी कर सड़कों पर ई-रिक्शा दौड़ते हैं। चौक-चौराहों पर आमजन के आवागमन में बाधक बनते हैं। यातायात निरीक्षक चिरंजीव मोहन ने बताया कि यातायात के सुचारु संचालन को लेकर ई- रिक्शा पर कलर कोडिंग की व्यवस्था की जा रही है। इनका रूट चार्ट भी बनाया जा रहा है। यह व्यवस्था जल्द लागू की जाएगी। बिना नंबर वाले ई- रिक्शा भी संचालित नहीं होंगे।
शहर में हैं करीब दो हजार छह सौ ई-रिक्शा
लखीमपुर शहर में ई रिक्शा की संख्या करीब 2600 है। इनका अभी तक कोई रूट तय नहीं है। शहर में एक सिरे से दूसरे सिरे तक की दूरी तीन से चार किलोमीटर तक है लेकिन ई-रिक्शा शहर के अंदर तक ही सवारियां नहीं ले जाते, आसपास के 10-15 किलोमीटर दूर गांवों को भी सवारियां ले जाते हैं। ई रिक्शा चालकों ने अपनी सुविधा के अनुसार स्टैंड बना लिए हैं। रूट निर्धारित न होने से आए दिन ई रिक्शा चालकों में झगड़ा होता रहता है।
अभी तक इस तरह चल रहे ई-रिक्शा
-भुइफोरवानाथ से महेवागंज, मंझरा फार्म, मिदनिया, महेवागढ़ी, शिवालापुरवा, एलआरपी चौराहा, छाउछ तक।
-नौरंगाबाद से सलेमपुर कोन, रामापुर, मीरपुर और नकहा तक।
-रेलवे स्टेशन से उदयपुर भंसड़िया, लालपुर बैरियर राजापुर, एलआरपी, पहाड़ापुर, पिपरिया और ओयल तक।
-गोटैया बाग चौराहे से लालपुर बैरियर, उदयपुर, भंसड़िया, कालाआम, फरधान, मथना, देवकली तक।
-सौजन्या चौराहे से राजापुर, पहाड़ापुर, खीरी टाउन तक।
शहर की सड़कों पर दौड़ रहे जर्जर ईरिक्शा