लखनऊ/गोला गोकर्णनाथ। पर्यटन विभाग ने छोटी काशी के पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए रूपरेखा तैयार की है। 15 करोड़ की लागत से पौराणिक शिव मंदिर, गोकर्ण तीर्थ परिसर में लाइट एवं साउंड शो व्यवस्था की जाएगी, जो पर्यटकों को आकर्षित करेगी।
जिले में गोला गोकर्णनाथ शहर पौराणिक शिव मंदिर, धार्मिक आस्था के चलते छोटी काशी के नाम से जाना जाता है। यहां पूरे वर्ष भर श्रद्धालुओं, दर्शनार्थियों की भीड़ रहती है। मुख्य रूप से सावन माह में यहां लाखों की संख्या में श्रद्धालु भगवान भोलेनाथ के दर्शन के लिए आते हैं। आसपास के जनपद और कई प्रांतों से शिवभक्त गंगा घाटों से नंगे पांव कांवड़ में गंगा जल लेकर भोलेनाथ का जलाभिषेक करने आते हैं।
साथ ही चैत माह का ऐतिहासिक चैती मेला यहां की पहचान है। यहां के धार्मिक एवं सांस्कृतिक महात्म्य को देखते हुए वर्ष 2022 के विधानसभा चुनाव में मुख्यमंत्री ने छोटी काशी को कॉरिडोर के रूप में विकसित करने की घोषणा की थी। करीब 2 वर्ष चले सर्वे, निरीक्षण के बाद निर्माण एवं सौंदर्यीकरण का रास्ता साफ हो गया है।
पर्यटन विभाग पौराणिक शिव मंदिर परिसर के गोकर्ण तीर्थ पर 15 करोड़ की लागत से मंदिर का सौन्दर्यीकरण, यात्री सुविधाओं का विस्तार तथा लाइट एंड साउंड शो की व्यवस्था कराएगा। सावन माह समाप्त होते ही निर्माण कार्य शुरू होगा। लखनऊ में एक वार्ता के दौरान पर्यटन व संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने बताया कि मंदिर परिसर में लाइट एंड साउंड शो के माध्यम से श्रद्धालुओं को यहां की पौराणिक मान्यताओं, परंपराओं व मंदिर की महत्ता के बारे में जानकारी दी जाएगी।
साथ ही मंदिर से जुड़े इतिहास व अध्यात्म के बारे में भी बताया जाएगा। उन्होंने बताया कि इस मंदिर में दर्शन के लिए दूर-दूर से श्रद्धालु आते हैं। सावन में श्रद्धालुओं की संख्या ज्यादा बढ़ जाती है। ब्यूरो/संवाद