फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

वकीलों के कार्य बहिष्कार से आम आदमी की बढ़ी मुसीबत, न्याय मिलने में हो रही देरी

विज्ञापन
विज्ञापन
लखीमपुर खीरी। जमीनों के सर्किल रेट में अत्यधिक वृद्धि किए जाने के विरोध में वकीलों का कार्य बहिष्कार जारी है। इससे सदर तहसील सबसे ज्यादा प्रभावित हुई है। करीब एक माह से रजिस्ट्री दफ्तर का कामकाज बाधित है। वहीं न्यायिक कार्य से विरत होने के कारण वादकारी भी परेशान हो रहे हैं। एसडीएम व तहसीलदार कोर्ट में जिनके मुकदमे चल रहे हैं उन्हें अगली तारीख दी जा रही है।
विज्ञापन

बताते चलें कि एक अगस्त से नए सर्किल रेट लागू हो चुके हैं, लेकिन इससे पहले 25 जुलाई 2022 को लखीमपुर तहसील बार एसोसिएशन ने प्रस्ताव पारित कर सर्किल रेट में वृद्धि के विरोध में कार्य बहिष्कार शुरू कर दिया था। वकीलों के साथ ही दस्तावेज लेखक भी कार्य बहिष्कार में शामिल हैं। लगातार कार्य बहिष्कार के कारण डीएम की ओर से लागू किए जा चुके सर्किल रेट में संशोधन कर 11 अगस्त को मूल्यांकन सूची जारी कर दी थी, लेकिन वकील इससे भी संतुष्ट नहीं हैं। लिहाजा कार्य बहिष्कार को अनिश्चितकालीन मोड पर ले जाया गया है, जिससे तीन-तीन दिन के लिए कार्य बहिष्कार को प्रस्ताव के जरिए आगे बढ़ाया जा रहा है।
बार एसोसिएशन के महामंत्री विकेश कुमार तिवारी ने बताया कि डीएम द्वारा लागू किए गए नए सर्किल रेट के विरोध में जनहित के लिए कार्य बहिष्कार को 22 से 24 अगस्त 2022 तक बढ़ाया गया है। इस दौरान वकील व दस्तावेज लेखक कोई दस्तावेज लेखन कार्य नहीं करेंगे और न्यायिक कार्य से भी विरत रहेंगे।
विज्ञापन

उधर, जिला प्रशासन द्वारा मूल्यांकन सूची में संशोधन किए जाने की बात कहकर अब अन्य संशोधन की संभावना से इंकार किया है और न ही बार एसोसिएशन से कोई वार्ता करने के मूड में हैं। लिहाजा ऐसी स्थिति में आम लोगों के सामने समस्या खड़ी हो गई है, क्योंकि जमीन की खरीद-फरोख्त के कार्य बाधित होने के साथ ही न्यायिक कार्य भी नहीं हो पा रहे हैं। साथ ही वकीलों का कार्य बहिष्कार समाप्त होने की समय सीमा पर भी गतिरोध बना हुआ है, क्योंकि बार एसोसिएशन ने तो अनिश्चितकालीन कार्य बहिष्कार की घोषणा कर दी है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें