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Lakhimpur Kheri News: डेंगू निकले तो जिला अस्पताल के बजाय खुद के इंतजामों पर करें भरोसा

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पेथालोजी में जांच करते स्वास्थकर्मी
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लखीमपुर खीरी। जिले में डेंगू के प्राथमिक इलाज के अलावा गंभीर मरीजों के इलाज की व्यवस्था नहीं है। अव्वल यहां डेंगू की जांच में ही इतनी प्रक्रियाएं हैं कि जांच कराने में ही तीन से चार दिन निकल जाते हैं। उधर, अगर डेंगू निकलने के बाद हालत गंभीर हुई तो उसके इलाज की भी व्यवस्था नहीं है। यहां से सीधे मरीज को लखनऊ रेफर कर दिया जाता है।
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डेंगू बुखार की पुष्टि को लेकर भले ही स्वास्थ्य विभाग का अपना तर्क हो, लेकिन हकीकत में मरीजों की जान पर बन आ रही है। कई मरीज हालत गंभीर होने के चलते लखनऊ, बरेली से लेकर शाहजहांपुर और पीलीभीत के निजी अस्पतालों में इलाज करवा रहे हैं, जबकि स्वास्थ्य विभाग कम प्लेटलेट्स को डेंगू बुखार प्रमाणित नहीं करता। पर हकीकत यह है कि कम होती प्लेटलेट्स से मरीजों की मुश्किलें बढ़ रहीं हैं। शरीर में दर्द से लेकर कमजोरी आने से मरीज बेदम होते जा रहे हैंं।
जिला अस्पताल में डेंगू बुखार से निपटने के लिए प्राथमिक उपचार की व्यवस्था है, इसके बाद गंभीर मरीजों को लखनऊ ही रेफर कर दिया जाता है। इसी वजह से तीमारदार प्लेटलेट़्स कम मिलने पर मरीज को जिला अस्पताल की बजाय निजी अस्पताल में भर्ती करवा रहे हैं।
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टायफाइड, मलेरिया के बाद होती है मरीज की डेंगू जांच
जिले में बुखार पीड़ित मरीजों की डेंगू जांच में भी कई बाधाएं हैं। मरीज की पहले टायफाइड और मलेरिया की जांच होती है, इसमें पॉजिटिव न पाए जाने पर डेंगू की जांच होती है। तब तक जांच कराने व रिपोर्ट आने में दो से तीन दिन बीत जाते हैं, तब तक बुखार से मरीज की हालत बेदम हो जाती है। स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि बुखार आने पर पहले मलेरिया की किट से जांच होती है। रिपोर्ट निगेटिव होने पर डेंगू की किट से जांच की जाती है। इसकी रिपोर्ट निगेटिव होने पर दिमागी बुखार की जांच होती है। मगर, जांच में जब इसकी भी पुष्टि नहीं होती है तब कालाजार की जांच की जाती है।

विभाग दे रहा बुखार आने के दो दिन बाद जांच की सलाह
जिला मलेरिया अधिकारी हरिशंकर बताते हैं कि डेंगू व मलेरिया बुखार की पुष्टि के लिए बुखार आने पर दो दिन बाद जांच कराएं। बुखार आने पर सिर्फ पेरासिटामोल टेबलेट का सेवन करें। दो-तीन दिन तक राहत न मिलने पर अस्पताल जाकर जांच कराएं। एलाइजा जांच से ही डेंगू बुखार की पुष्टि होती है।


जिला अस्पताल में हुई जांच
बीमारी- सैंपल- पॉजिटिव
डेंगू-2025- 52
वीडॉल- 9050-85
चिकनगुनिया- 215- छह


अब तक करीब 50 मरीज डेंगू के जिला अस्पताल में भर्ती हुए हैं, लेकिन किसी की न तो डेथ हुई हो और न ही रेफर किया गया है। इमरजेंसी से रेफर होने वालों की जानकारी नहीं है। - डॉ. आईके राम चंदानी, सीएमएस, जिला अस्पताल
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