लखीमपुर खीरी। तिकुनिया हिंसा के क्रॉस केस में बृहस्पतिवार को पहली गवाही के लिए सुनवाई होनी थी मगर गवाह के बीमार होने के कारण मामले की सुनवाई आगे बढ़ गई। अब अदालत ने 22 दिसंबर की तारीख गवाही के लिए मुकर्रर की है।
तिकुनिया हिंसा क्रॉस केस मामले में आरोप बनने के बाद गवाही के लिए बृहस्पतिवार का दिन मुकर्रर किया गया था। एडीजीसी राजेश सिंह को अभियोजन पक्ष रखने के लिए जिला प्रशासन ने आदेशित भी किया था। एडीजे सुनील वर्मा ने पहले गवाह के रूप में क्रॉस केस दर्ज कराने वाले सभासद सुमित जायसवाल को पहले गवाह के रूप में तलब किया था। चूंकि, सुमित जायसवाल पहले से इसी मामले में जिला जेल में बंद है, लिहाजा अदालत ने जेल अधीक्षक खीरी के माध्यम से गवाह सुमित जायसवाल को व्यक्तिगत रूप से अदालत में पेश करने के लिए आदेशित किया था। बृहस्पतिवार को जिला जेल की ओर से पत्र लिखते हुए बंदी सुमित जायसवाल के बीमार होने की बात कही गई।
एडीजे सुनील वर्मा ने बंदी सुमित जायसवाल की बीमारी और भेजे गए जिला जेल के पत्र की असलियत जानने को जेल अधीक्षक सहित जेल अधिकारियों को तलब किया। दोपहर बाद जेल के डॉक्टर और जेल अधिकारी अदालत में पेश हुए और उनसे बंदी सुमित जयसवाल के बीमार होने की तस्दीक की गई। इस पर एडीजे सुनील वर्मा ने गवाही के लिए मौका देते हुए 22 दिसंबर की तारीख मुकर्रर की है। इस दौरान बचाव पक्ष की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता सुरेश सिंह मुन्ना, विनय सिंह, रवि प्रताप सिंह सहित कई अधिवक्ता मौजूद रहे।
आज दर्ज किए जाएंगे गवाहों के बयान
लखीमपुर खीरी। तिकुनिया हिंसा मामले में एडीजे सुनील वर्मा की अदालत में शुक्रवार को गवाही होनी है। डीजीसी अरविंद त्रिपाठी ने बताया कि गवाह को तलब करने के लिए प्रक्रिया पूरी की गई है। यदि शुक्रवार को गवाह आते हैं तो उनके बयान दर्ज कराए जाएंगे। पिछली पेशी पर एडीजे सुनील वर्मा ने आशीष मिश्र मोनू सहित सभी 14 आरोपियों के खिलाफ चार्ज बनाया था। गवाही के लिए 16 दिसंबर की तारीख मुकर्रर की गई है।