इससे पहले भी इसी पुल की टूट चुकी है छत
इससे पहले 10 अप्रैल 2022 को इसी पुल की दो मीटर के दायरे की छत गिर गई थी। इस घटना की खबर अमर उजाला ने प्रमुखता से प्रकाशित की थी। तभी यह अंदेशा जताया जा रहा था कि भविष्य में किसी भी समय यह पुल क्षतिग्रस्त हो सकता है। बावजूद इसके एनएचएआई ने इस पुल पर पैचवर्क करते हुए पुल पर आवागमन चालू करा दिया था।
शनिवार को फिर इसकी छत दो जगह से गिर गई और ऐहतियातन आवागमन रोकना पड़ा। वहीं, अब भी अधिकारी पैचिंग करने के बाद पुल को सुचारू रूप से चलाने की बात कह रहे हैं। जबकि यह पुल बेहद जर्जर और मानक विहीन बना है। किसी भी समय इस पुल पर बड़ा हादसा हो सकता है।
एनएचएआई के परियोजना निदेशक बीपी पाठक ने बताया कि गोमती नदी पुल के निर्माण में घटिया सामग्री इस्तेमाल की गई है। जो सामग्री लगाई गई है वह अत्यंत खराब है। इसी कारण पुल की छत टूट कर गिर रही है। जांच रिपोर्ट उच्च अधिकारियों को भेजी गई है, जल्द ही कार्रवाई होगी।