लखीमपुर खीरी। जिले में वायरल बुखार के साथ डेंगू और मलेरिया का प्रकोप जारी है। ओपीडी में बढ़ती भीड़ से पैथालॉजी में भी जांच का आंकड़ा बढ़ गया है। रोजाना करीब पांच सौ मरीजों का पंजीकरण हो रहा है। डॉक्टर बताते हैं कि बुखार तीन दिन से अधिक रहना खतरनाक है, क्योंकि यह डेंगू और मलेरिया भी हो सकता है।
जिला अस्पताल की ओपीडी में मंगलवार को 1430 मरीज पहुंचे। इनमें तमाम ऐसे मरीज थे, जो पिछले कई दिनों से बुखार की आंच में तप रहे थे। लक्षण के आधार पर बुखार पीड़ित मरीजों की डॉक्टर मलेरिया और डेंगू की जांच करवा रहे हैं। मंगलवार को जांच कराने के लिए करीब 450 लोगों ने पंजीकरण कराया। इसमें करीब 250 मरीजों की मलेरिया और करीब 30 लोगों की डेंगू जांच हुई।
जिला अस्पताल के सीएमएस ने बताया कि मौसम बदल रहा है। ऐसे में जरा सी लापरवाही से बुखार आ सकता है। यदि यह बुखार तीन चार दिन से अधिक बना रहता है तो जांच कराने की जरूरत पड़ती है, क्योंकि मौसम को देखते हुए यह मलेरिया एवं डेंगू भी हो सकता है। इसलिए बुखार आने पर साधारण पेरासिटामोल ले सकते हैं।
जांच में मिल चुके हैं डेंगू के तीन मरीज
जिला अस्पताल की पैथालॉजी की जांच में इस माह डेंगू के तीन मरीज मिल चुके हैं। इनमें से एक ठीक होकर घर जा चुका है, जबकि दो का इलाज चल रहा है। सीएमएस ने बताया कि दोनों मरीजों की हालत पहले से काफी बेहतर है।