डेंगू वार्ड में भर्ती पीड़ित महिला। संवाद
ओयल। जिला अस्पताल ओयल में 10 बेड़ के डेंगू वार्ड को एक बार फिर सक्रिय कर दिया गया है। गुरुवार को जिला अस्पताल में डेंगू का पहला मरीज भर्ती हुआ। अस्पताल के विभिन्न वार्डों में कई प्रकार के बुखार से पीड़ित 24 अन्य लोगों को भर्ती कर इलाज किया जा रहा है।
लखीमपुर के मोहल्ला शिवकॉलोनी निवासी रंजीत कुमार अपनी 30 वर्षीय पत्नी शैलकुमारी को बुखार व हाथ पैरों में दर्द होने की समस्या होने पर जिला अस्पताल लेकर पहुंचे। जहां डॉक्टर ने उनका परीक्षण किया और जांच की सलाह दी। महिला को मेडिकल वार्ड में इलाज के लिए भेजा गया। बृहस्पतिवार को मिली जांच रिपोर्ट में डेंगू की पुष्टि होने पर शैलकुमारी को डेंगू वार्ड में भेज दिया गया।
अस्पताल के बच्चा वार्ड में 16 में चार, महिला में 29 में से नौ व पुरुष मेडिकल वार्ड में भर्ती 26 में से नौ तथा बुजुर्गों के वार्ड में भर्ती 10 में से दो रोगियों को मिलाकर कुल 24 लोग विभिन्न प्रकार के बुखार की चपेट में हैं।
बचाव के उपायों पर अमल करें, डेंगू से बचें
जिला अस्पताल के फिजिशियन डॉ. शिखर बाजपेई ने बताया कि एक मरीज में डेंगू की पुष्टि हुई है। वार्ड में भर्ती कर इलाज किया जा रहा है। बताया कि डेंगू से बचने के लिए अपने घर व आसपास बरसात का पानी जमा न होने दें। फुल आस्तीन के कपड़े पहनने चाहिए। मच्छर रोधी कई दवाएं आती हैं, इनका इस्तेमाल करना चाहिए। मच्छरदानी का उपयोग करें। इससे आसानी से डेंगू व अन्य मच्छरजनित बीमारियों से बचा जा सकता है। यह भी बताया कि डेंगू के प्रारंभिक लक्षण तेज बुखार आना, हाथ-पैरों, सिर व आंख के पीछे दर्द होना है। इसमें तेजी से प्लेटलेट्स घटती हैं।