आशनाई और दबंगई में गई थी मुकेश उर्फ कल्लू की जान
पुलिस ने आला कत्ल समेत नामजदों का किया चालान
नौसर जोगी में हुई मुकेश की हत्या के मामले में पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया। कोर्ट ने दोनों को जेल भेज दिया। पुलिस ने आरोपियों के पास से हत्या में प्रयुक्त चाकू भी बरामद किया है। सीओ अवनीश्वरचंद्र श्रीवास्तव का कहना है कि मुकेश की हत्या उसकी दबंगई और आशनाई के चलते की गई।
भीरा थाना क्षेत्र के नौसर जोगी गांव में दो दिन पहले हुए मुकेश हत्याकांड में छह लोगों को नामजद किया गया था। एसओ ब्रजराज यादव ने बताया कि आरोपी जैपाल वर्मा एवं सीताराम वर्मा को पुलिस ने मंगलवार की सुबह बस्तौला मोड़ से मय आलाकत्ल गिरफ्तार कर लिया। सीओ गोला अवनीश्वरचंद्र श्रीवास्तव ने बताया कि आरोपी जैपाल और मृतक मुकेश के बीच अवैध संबंधों को लेकर अलगाव चल रहा था। मंगलवार को इसी के चलते उसकी हत्या कर दी गई।
खुद को कल्लू डॉन कहलाना पसंद करता था मुकेश
बिजुआ। कम उम्र में गलत सोहबत... और ऊपर से शराब की लत, इन्ही के चलते गुलरिया गांव के मुकेश उर्फ कल्लू उर्फ पताई को जान से हाथ गंवाना पड़ा । तीन साल पहले मुकेश अपने जिगरी दोस्त राजू उर्फ कालिया के मर्डर केस में भी नामजद हुआ था। पिछले डेढ़ साल से वह जमानत पर था।
मुकेश की सोहबत उसे मौत के मुंह तक ले गई। गांव के लोग बताते हैं कि गुलरिया गांव में बढ़ईगीरी का काम करने वाले परिवार से ताल्लुक रखने वाला मुकेश छोटी उम्र से ही शराब और नशे का आदी बन गया। लोगों से खुद को कल्लू डॉन कहलाने पर उसे फख्र महसूस होता था। जब से जमानत पर आया था, उसके संबंध नौसर जोगी गांव में एक महिला से हो गए थे। इसी के चलते मुकेश उर्फ कल्लू को हत्याकांड के चार दिन पहले आरोपियों ने बांध कर मारा पीटा था, साथ ही पुलिस से शिकायत की थी। पुलिस ने दखल नहीं दिया। ऐसे में मुकेश अपने साथ हुई मारपीट का बदला लेने के लिए रोजाना नौसर गांव जा रहा था। थाने पर मौजूद मिले आरोपी सीताराम के मुताबिक रविवार को भी उन्होंने मुकेश को नौसर गांव में देखे जाने एवं उससे खुद को खतरा होने की बात पुलिस को बताई थी, पर पुलिस ने कार्रवाई नहीं की, ऐसे में उन्हें की कानून को हाथ में लेना पड़ा।