लालच देकर बुलाया और 15 लाख लूट लिए
लखनऊ के टेंट व्यापारी को सोने के सिक्के दिखाकर फंसाया
महेवागंज में खंभारखेड़ा मिल से आगे मकसोहा के पास वारदात
एसपी, एएसपी ने घटनास्थल पर पहुंच पीड़ित से की पूछताछ
सस्ते में सोने के सिक्के दिलाने के नाम पर बदमाशों ने दिनदहाड़े लखनऊ के टेंट व्यापारी से असलहे के बल पर 15 लाख रुपये लूट लिए और फरार हो गए। घटना रविवार दोपहर सदर कोतवाली क्षेत्र में खंभारखेड़ा-मकसोहा मार्ग स्थित बक्कसपुरवा चौराहे के पास हुई। 15 लाख रुपये की लूट की सूचना मिलते ही हड़कंप मच गया। एसपी, एएसपी, सीओ सिटी पुलिस फोर्स लेकर मौके पर पहुंचे। बदमाशों का कोई सुराग नहीं लगा। कोतवाली पुलिस ने व्यापारी की तहरीर पर एक नामजद आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।
लखनऊ के अलीगंज निवासी टेंट व्यवसायी राजेश गुप्ता को हरिद्वार निवासी परिचित राजेश अवस्थी नाम के व्यक्ति ने खीरी के मकसोहा क्षेत्र में सस्ते दामों पर सोने के सिक्के दिलाने का भरोसा दिलाया। लखनऊ के एक होटल में 46 सिक्कों का सौदा साठ लाख रुपये में तय हो गया। रविवार की दोपहर व्यापारी राजेश गुप्ता सोने के पारखी आगरा निवासी दोस्त अतुल गुप्ता और राजेश अवस्थी के साथ अपनी लग्जरी कार से खंभारखेड़ा मिल से आगे मकसोहा मार्ग पर पहुंचे।
राजेश गुप्ता का कहना है कि बक्कसपुरवा चौराहे पर कार रोकी और तीनों लोग कुछ दूर तक पैदल गए। आरोप है कि सुनसान इलाके में राजेश अवस्थी ने अपने कुछ हथियार बंद लोगों के साथ राजेश गुप्ता और अतुल गुप्ता को कब्जे में ले लिया। इसके बाद कुछ लोगों ने राजेश और उसके साथी से 15 लाख रुपये लूट लिए। राजेश ने शोर मचाया तो खेतों पर काम कर रहे कुछ ग्रामीण इकट्ठा हो गए। इस बीच बदमाश धमकी देते हुए भाग निकले। सूचना पर एसपी आखिलेश चौरसिया, एएसपी एपी सिंह, सीओ सिटी एमपी सिंह, कोतवाल सदर एसपी उपाध्याय, फूलबेहड़ एसओ बृजराज सिंह यादव, चौकी इंचार्ज इकबाल हैदर समेत भारी पुलिस बल मौके पर पहुंचा। कांबिग भी की गई लेकिन कुछ नहीं मिला। एसपी ने पीड़ित व्यापारी से काफी देर तक पूछताछ की। कोतवाली पुलिस ने आरोपी राजेश अवस्थी पता अज्ञात के खिलाफ 419, 420 और 406 आईपीसी की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है।
दूसरे प्रदेश के आरोपी ने कैसे चुनी यह जगह
निघासन और धौरहरा क्षेत्र में सोने और नागमणि के नाम पर लूट और ठगी के मामले पहले भी सामने आ चुके हैैं। सदर कोतवाली के मकसोहा क्षेत्र में ऐसी घटना पहली बार हुई है। पुलिस भी पशोपेश में है कि आखिर आरोपी ने वारदात के लिए इस जगह को क्यूं चुना। जबकि नामजद आरोपी उत्तराखंड का बताया जाता है। सवाल यह भी है कि वारदात को अंजाम देने के बाद आखिर क्षेत्र में कहां गुम हो गया। सूूत्रों की माने तो इस वारदात में कुछ स्थानीय लोग भी शामिल हो सकते हैं।