- छात्रों की उपस्थिति बढ़ाने के दिए आदेश
- चार शिक्षकों की एक अस्थाई वेतनवृद्धि रोकी
- हालात न सुधरे तो एबीआरसी का कटेगा वेेतन
बेसिक स्कूलों में शैक्षिक स्थिति का निरीक्षण करने के लिए बीएसए संजय कुमार शुक्ला ने कस्बे के कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय सहित बीआरसी केंद्र, ईसानगर और धौरहरा क्षेत्र में प्राथमिक और उच्च प्राथमिक स्कूलों का औचक निरीक्षण किया है। कस्तूरबा समेत सभी स्कूलों में छात्र संख्या बेहद कम मिलने पर बीएसए ने नाराजगी जताई। जबकि चार शिक्षकों की एक अस्थाई वेतनवृद्धि को रोका है। उन्होंने बीआरसी केंद्र पर स्कूलों में छात्र संख्या बढ़ाने के निर्देश दिए और सुधार न होने पर एबीआरसी का वेतन काटने की चेतावनी दी है।
बीएसए संजय शुक्ला ने कस्बे के कस्तूरबा स्कूल का निरीक्षण किया, जहां कुल छात्र संख्या 100 में से 10 छात्राएं कम मिलीं। बीएसए ने स्कूल की वार्डन गरिमा सिंह को छात्र संख्या शत प्रतिशत करने के निर्देश दिए। स्कूल की साफ-सफाई, भोजन व्यवस्था को भी देखा, जो ठीक मिली। बीआरसी का निरीक्षण करने के दौरान मीटिंग हाल की छत टपकती मिली। बीएसए ने सभी एबीआरसी रामगोपाल मौर्य, युवराज शर्मा, राजेश तिवारी, नरेंद्र वर्मा, अतुल वर्मा को प्रतिदिन पांच स्कूल चेक करने के निर्देश दिए। प्राथमिक और उच्च प्राथमिक विद्यालय शेरपुर के निरीक्षण में फर्श टूटी पाई गई, जिसे ठीक कराने के लिए सात दिन का समय दिया गया। प्राथमिक विद्यालय चमारनपुरवा का रसोईघर और फर्श टूटा हुआ मिला। बीआरसी परिसर में स्थित प्राथमिक विद्यालय धौरहरा में छात्रों की संख्या सबसे न्यून मिली। ईसानगर क्षेत्र के जसवंतनगर, महरिया, ऐरा गांव में प्राथमिक और उच्च प्राथमिक विद्यालयों का निरीक्षण किया गया, जहां छात्रों की कम उपस्थिति के बारे में शिक्षकों ने बरसात के कारण उपस्थिति कम होना बताया। प्राथमिक विद्यालय ऐरा में शिक्षिका नीतू पांडेय उपस्थिति पंजिका में आकस्मिक अवकाश अंकित कर अनुपस्थित मिली, जिस पर बीएसए ने एक दिन का वेतन रोका है। उच्च प्राथमिक विद्यालय ऐरा में बच्चों ने हिंदी, विज्ञान, अंग्रेजी के प्रश्नों के सही जवाब दिए, जिस पर बीएसए ने शिक्षकों की सराहना की। महरिया स्थित विद्यालयों के शिक्षक विनोद कुमार मिश्रा, नूरूसबा अंसारी, शालिनी श्रीवास्तव, अनुरूप सिंह की एक अस्थाई वेतन वृद्धि रोकी गई है।