कोतवाली क्षेत्र के गांव शंकरपुर छावनी में एक शराबी बाप ने बेटी को इतना पीटा कि उसकी दूसरे दिन इलाज के दौरान मौत हो गई। बाद में पुलिस को आता देखकर वह फरार हो गया। इस मामले में अभी रिपोर्ट दर्ज नहीं हुई है।
गांव शंकरपुर छावनी के रामलडै़ते उर्फ मजीरा और उसकी पत्नी रूबी की दो बेटियां रानी (8), गुड़िया (3) तथा एक साल का बेटा है। रामलड़ैत मेहनत-मजदूरी कर परिवार चला रहा था। आरोप है कि वह दारू पीकर अक्सर घर पर लड़ाई-झगड़ा करता था और अक्सर बच्चों को पीटता था। पुलिस के अनुसार मजीरा ने बुधवार की रात आठ साल की बेटी रानी को बिना बताए गांव में हो रहे दुर्गा जागरण में जाने के कारण डंडे से इतना पीटा कि वह बेदम हो गई, दूसरे दिन बृहस्पतिवार को जब उसकी हालत ज्यादा खराब हुई तो उसे यहां के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसकी मौत हो गई। सूचना पर इंस्पेक्टर सीबी सिंह और एसएसआई राम सिंह पवार गुरुवार शाम करीब सात बजे मौके पर पहुंचे। उन्होंने बताया कि घटना सही है, मृतका के शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला मुख्यालय भेजा जा रहा है। पोस्टमार्टम के बाद ही मौत के कारणों का पता चल सकेगा। उधर, गमजदा हालत में अपने दरवाजे पर बैठा रामलड़ैते पुलिस के वाहन को देखकर फरार हो गया।